संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिले में स्वाइन फ्लू के मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग बीमारी से निपटने की तैयारी के दावे कर रहा है लेकिन जिले में मरीजों के सैंपल की जांच तक की सुविधा उपलब्ध नहीं है। स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीजों के सैंपल जांच के लिए पंचकूला भेजे जाएंगे।
विभाग के पास अभी जांच किट भी उपलब्ध नहीं है। ऐसे में यदि अचानक मरीजों की संख्या बढ़ती है तो सैंपल पंचकूला भेजने और वहां से रिपोर्ट आने तक इंतजार करना पड़ सकता है। फिलहाल जिले में स्वाइन फ्लू के तीन मामले सामने आ चुके हैं।
मामलों के सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की ओर से निगरानी और बचाव को लेकर कदम उठाने की बात कही जा रही है लेकिन जिले में जांच की सुविधा नहीं होने से व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। हालांकि स्वाइन फ्लू मरीजों के लिए जिला अस्पताल में 10 बेड का आइसोलेशन वार्ड भी बनाया गया है।
जिले में स्वाइन फ्लू के संदिग्ध मरीज मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम सैंपल लेकर उसे जांच के लिए पंचकूला भेजेगी। सैंपल को दूसरे जिले में भेजने और जांच के बाद रिपोर्ट वापस आने में समय लग सकता है।
मरीजों की संख्या अचानक बढ़ने पर स्वास्थ्य विभाग के सामने चुनौती बढ़ सकती है। स्वाइन फ्लू के मरीजों की पहचान और समय पर उपचार शुरू करना बीमारी पर नियंत्रण के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। संदिग्ध मरीज मिलने पर रिपोर्ट आने का इंतजार लंबा हो सकता है।
जल्द उपलब्ध होगी जांच किट : डॉ. वागीश गुटैन
स्वास्थ्य विभाग के जिला निगरानी अधिकारी डॉ. वागीश गुटैन ने बताया कि फिलहाल स्वाइन फ्लू के सैंपल जांच के लिए पंचकूला भेजे जाएंगे। जल्द ही जिले में जांच के लिए किट उपलब्ध हो जाएगी। संभावित मरीजों की पहचान और बीमारी को फैलने से रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।