संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म करने और वीडियो वायरल करने की धमकी देने के आरोप कोर्ट में सिद्ध नहीं हो सके। आरोपी पक्ष के वकील की दलीलों और सबूतों के अभाव में कोर्ट ने युवक को बरी कर दिया।
जिले के एक गांव निवासी महिला ने महिला थाना में छह अगस्त 2024 को शिकायत दी थी कि लेदा खास गांव निवासी निखिल उर्फ मांगा ने उसकी 17 वर्षीय नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म किया है। साथ ही उसकी फोटो को इंटरनेट पर वायरल करने और किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी भी दी। महिला ने शिकायत में कहा था कि बेटी जब स्कूल जाती है तो निखिल उसे तंग व परेशान करता था। वह फोन पर मेरे साथ बात करने का दबाव बनाता था। 29 जुलाई को वह और परिवार के अन्य सदस्य बाहर गए हुए थे। बेटी अकेली स्कूल से घर आई तो निखिल जबरदस्ती घर में घुस गया।
जब वह अपने घर वापस आई तो उसने निखिल को बेटी के कमरे से निकलते हुए देखा। बेटी ने उसे बताया कि आरोपी ने उसके साथ गलत काम किया है। साथ ही उसे धमकाया कि इस बात को किसी को बताया तो वह उसकी फोटो व वीडियो को नेट पर वायरल कर देगा।