हरियाणा के यमुनानगर जिले में 14 साल की किशोरी के साथ अलग-अलग युवाओं से दुष्कर्म कराने वाले आरोपी दंपती और किशोरी को बिन ब्याही मां बनाने वाले आरोपी युवक को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत (स्पेशल पॉक्सो कोर्ट) ने दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी सोनू और उसकी पत्नी रिया उर्फ रीटा को 20-20 साल कैद की सजा और एक लाख 25 हजार रुपये जुर्माना किया है।
वहीं, लड़की को कुंवारी मां बनाने वाले आरोपी प्रदीप उर्फ सन्नी को 20 साल की कैद और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर अतिरिक्त सजा का प्रावधान है। अदालत अन्य आरोपियों अमन, पूजा, नूर मोहम्मद और सुनील को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है।
शहर की एक प्लाईवुड फैक्टरी में काम करने वाले एक श्रमिक ने 13 अप्रैल 2021 को गांधीनगर थाने में शिकायत दी थी कि उसकी 14 वर्षीय बेटी सरकारी स्कूल में कक्षा छठी में पढ़ती है। एक दिन उसकी लड़की ने अपनी मां को बताया कि उसका पेट बढ़ रहा है।
लड़की ने बताया कि जब घर में कोई नहीं होता था तो उनके घर के नजदीक रहने वाली रीटा उर्फ रिया और उसका पति सोनू उसे मोटरसाइकिल पर बिठाकर अलग अलग जगह ले जाते थे और कमरे में अलग-अलग लड़कों के साथ बंद कर देते थे। वे लड़के उसके साथ जबरदस्ती दुष्कर्म करते थे।
पुलिस ने लड़की का मेडिकल करवाया, जिसमें पता चला कि लड़की छह महीने के गर्भ से हैं। पुलिस ने आरोपी सोनू, उसकी पत्नी रीटा उर्फ रिया और अन्य के खिलाफ दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट और अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
केस की जांच के दौरान पुलिस ने अमन, पूजा, नूर मोहम्मद और सुनील को भी नामजद कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। इसी बीच लड़की ने बच्चे को जन्म दिया। पुलिस ने बच्चे का डीएनए टेस्ट करवाया तो वह आरोपी प्रदीप उर्फ सन्नी के साथ मैच हो गया। इसी मामले में स्पेशल पॉक्सो कोर्ट ने इसे जघन्य अपराध मानते हुए दोषियों को सजा सुनाई है।