संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश रजनीश कुमार की अदालत ने स्मैक बरामदगी के मामले में दोषी पाए गए दो आरोपियों पर जुर्माना लगाते हुए महत्वपूर्ण आदेश पारित किया है। अदालत ने गांव रटौली निवासी रमजान उर्फ जाना तथा गांव बना बहादुरपुर, साढौरा निवासी मुस्तकदीन पर 10-10 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।
अदालत के आदेश के अनुसार दोनों आरोपियों से वसूली जाने वाली कुल 20 हजार रुपये की राशि बालकुंज छछरौली में रह रहे बच्चों की शिक्षा, देखभाल एवं अन्य आवश्यक जरूरतों पर खर्च की जाएगी। यह राशि सामाजिक कल्याण के उद्देश्य से उपयोग में लाई जाएगी। इससे पूर्व भी न्यायालय की ओर से इसी प्रकार के एक अन्य मामले में दोषियों पर जुर्माना लगाते हुए राशि बालकुंज को देने का आदेश दिया था।
मामले के अनुसार वर्ष 2021 में एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए रमजान उर्फ जाना को गिरफ्तार किया था। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से सात ग्राम स्मैक बरामद की गई थी। पुलिस जांच में यह तथ्य सामने आया कि स्मैक उसे मुस्तकदीन द्वारा उपलब्ध कराई गई थी, जो इस अवैध कारोबार में संलिप्त था।
मामला न्यायालय में विचाराधीन रहा, जहां दोनों आरोपियों ने अपने अपराध को स्वीकार कर लिया। अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और स्वीकारोक्ति के आधार पर दोनों को दोषी करार देते हुए उन पर जुर्माना लगाने का आदेश दिया। अदालत का यह निर्णय न केवल नशा तस्करी के मामलों में सख्ती का संकेत देता है, बल्कि समाज कल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल भी माना जा रहा है, क्योंकि जुर्माने की राशि सीधे तौर पर जरूरतमंद बच्चों के हित में उपयोग की जाएगी।