संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिले के महाविद्यालयों में नए शैक्षणिक सत्र के लिए दाखिला प्रक्रिया को लेकर हलचल तेज हो गई है। इस सत्र से शुरू होने वाले विभिन्न पाठ्यक्रमों और विषयों की सूची जारी होने के बाद सरकारी, एडेड और निजी कॉलेजों में विद्यार्थियों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। विद्यार्थी न केवल पसंदीदा कोर्सों की जानकारी लेने पहुंच रहे हैं, बल्कि कॉलेजों में उपलब्ध सुविधाओं, इंफ्रास्ट्रक्चर और प्लेसमेंट को भी प्राथमिकता दे रहे हैं।
महाविद्यालयों में रोजाना 150 से 200 विद्यार्थी और उनके अभिभावक पहुंचकर आवेदन प्रक्रिया, फीस, सीटों और विषयों के बारे में जानकारी जुटा रहे हैं। इस बार बीए, बीकॉम, बीसीए, बीएससी लाइफ साइंस, बीएससी फिजिकल साइंस, बीबीए, बैचलर ऑफ टूरिज्म एंड मैनेजमेंट तथा समाजशास्त्र जैसे पाठ्यक्रमों में विद्यार्थियों की विशेष रुचि देखने को मिल रही है।
इनमें भी बीसीए और बीएससी लाइफ साइंस के लिए सबसे अधिक आवेदन आने की संभावना जताई जा रही है। कॉलेज प्रशासन के अनुसार तकनीकी और रोजगारपरक कोर्सों की ओर विद्यार्थियों का रुझान लगातार बढ़ रहा है। अब विद्यार्थी केवल डिग्री लेने के उद्देश्य से कॉलेज का चयन नहीं कर रहे, बल्कि वे कॉलेजों में मिलने वाली सुविधाओं और भविष्य की संभावनाओं को भी ध्यान में रख रहे हैं।
विद्यार्थी पुस्तकालय, आधुनिक प्रयोगशालाएं, स्मार्ट क्लासरूम, खेल सुविधाएं, रिसर्च गतिविधियां, प्लेसमेंट रिकॉर्ड और फैकल्टी की गुणवत्ता के बारे में विस्तार से जानकारी ले रहे हैं। इसके अलावा विभिन्न विभागों और सेल की ओर से आयोजित होने वाले कार्यक्रमों, सेमिनार, सांस्कृतिक गतिविधियों और शोध कार्यों को भी विद्यार्थी कॉलेज चयन का आधार बना रहे हैं। अकादमिक उपलब्धियों और प्लेसमेंट रिकॉर्ड वाले कॉलेजों की मांग अधिक देखी जा रही है।
निजी कॉलेजों ने बने हेल्प डेस्क
दाखिला प्रक्रिया के दौरान निजी महाविद्यालयों ने विद्यार्थियों की सहायता के लिए विशेष हेल्प डेस्क और काउंसलिंग व्यवस्था शुरू की है। यहां विद्यार्थियों को ऑनलाइन आवेदन भरने, दस्तावेज अपलोड करने और विषय चयन में मदद दी जा रही है। दूसरी ओर राजकीय महाविद्यालयों में इस तरह की विशेष व्यवस्था नहीं होने से विद्यार्थी अपने स्तर पर आवेदन प्रक्रिया पूरी कर रहे हैं। जिले में पांच राजकीय महाविद्यालय हैं, जिनमें 2200 से अधिक सीटें उपलब्ध हैं। सीटों की सीमित संख्या के चलते विद्यार्थियों में अच्छे कॉलेज और पसंदीदा कोर्स में दाखिला पाने की होड़ बढ़ती जा रही है। शिक्षाविदों का मानना है कि आने वाले दिनों में आवेदन संख्या में और तेजी आएगी।
कॉलेजों में विद्यार्थी कोर्स का चयन करते समय रोजगार पर भी ध्यान देते हैं। विद्यार्थियों के लिए कॉलेज में विशेष रूप से हेल्प डेस्क बनाई गई है। विद्यार्थियों को कोर्स का चयन करने में मदद भी की जा रही है। - डॉ. करूणा, प्राचार्या, महाराजा अग्रसेन कॉलेज जगाधरी।