संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। कांवड़ यात्रा के दौरान ट्रेनों में भीड़ होती है। इससे कांवड़ियों के अलावा सामान्य यात्रियों को भी भारी परेशानी होती है। इस परेशानी से निपटने के लिए रेलवे हर साल कांवड़ यात्रा स्पेशल ट्रेन चलाती है। इस बार रेलवे ने अंबाला सहारनपुर मार्ग कोई कांवड़ यात्रा स्पेशल ट्रेन नहीं चलाई है।
हर साल हरियाणा के अलावा पंजाब, जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश से हजारों शिव भक्त कांवड़ लेने हरिद्वार जाते हैं। पंजाब, जम्मू, हिमाचल प्रदेश के अलावा अंबाला, कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल के शिवभक्त भी हरिद्वार जाने के लिए अंबाला सहारनपुर की ट्रेन पकड़ते हैं। जिसके चलते इस रूट पर कांवड़ियों की सबसे ज्यादा भीड़ रहती है।
इस बार स्पेशल ट्रेन न चलने से अन्य ट्रेनों में भारी भीड़ होगी। जिससे कांवड़ियों को ही नहीं बल्कि अन्य यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। पिछले साल पंजाब, जम्मूतवी, हिमाचलप्रदेश सहित प्रदेश के अन्य जिलों के करीब 1.5 लाख यात्री विभिन्न ट्रेनों से हरिद्वार गए थे।
वहीं यमुनानगर से करीब 50 हजार शिवभक्त कांवड़ लेने हरिद्वार जाते हैं। इस बार अंबाला सहारनपुर रूट से स्पेशल ट्रेन नहीं चलाई है। वहीं मुरादाबाद, दिल्ली, लखनऊ सहित अन्य रेल मंडलों से हरिद्वार के लिए कांवड़ स्पेशल ट्रेन चलाई गई है। यमुनानगर जगाधरी स्टेशन से हरिद्वार जाने के लिए शाम को केवल एक ही ट्रेन है। ऊना हिमाचल से चलकर हरिद्वार जाने वाली यह ट्रेन शाम छह बजकर 33 मिनट पर यमुनानगर जगाधरी स्टेशन पर पहुंचते है।
सवा सात बजे सहारनपुर, आठ बजकर चार मिनट पर रुड़की व नौ बजे हरिद्वार पहुंचती है। इसके बाद रात भर हरिद्वार के लिए कोई ट्रेन नहीं है। इसके बाद अल सुबह तीन बजकर 53 मिनट पर श्रीमाता वैष्णो देवी कटरा से ऋषिकेश जाने वाली हेमकुंड एक्सप्रेस मिलती है। इसके बाद तड़के चार बजकर आठ मिनट पर अमृतसर देहरादून एक्सप्रेस मिलती है। इसके बाद सुबह पांच बजकर पांच मिनट पर यमुनानगर जगाधरी स्टेशन पर पहुंचती है।
इसके बाद श्रीगंगानगर से चलकर ऋषिकेश जाने वाली 14815 इंटरसिटी एक्सप्रेस 11 बजकर 22 मिनट पर मिलती है। इसके बाद शाम साढ़े छह बजे ऊना हिमाचल एक्सप्रेस है। रात में अन्य कोई ट्रेन नहीं है। जबकि हर साल रेलवे की ओर से रात के लिए स्पेशल ट्रेन चलाई जाती थी। इसका समय ऐसा होता था कि यात्री देर शाम हरिद्वार पहुंच जाते थे और भोर में गंगा आरती में शामिल होते थे।
यात्रियों को सुगम व सुविधा पूर्ण सफर देने के लिए रेलवे निरंतर प्रयास कर रहा है। अभी कांवड़ यात्रा के लिए इस रूट से कोई स्पेशल ट्रेन नहीं चलाई है। इसके लिए बोर्ड की ओर से विचार किया जा रहा है। भीड़ के अनुरूप ट्रेन चलाने का विचार किया जाएगा। - एनके झा, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक।