रेलवे स्टेशन पर यात्रियों व सामान की जांच करती पुलिस।
यमुनानगर। यमुनानगर जगाधरी रेलवे स्टेशन अधीक्षक आरके तिवारी को एक पत्र पंजीकृत पोस्ट के माध्यम से मिला है। जिसमें दिवाली के दिन यमुनानगर जगाधरी, करनाल, पानीपत, सोनीपत, कालका, चंडीगढ़, गाजियाबाद, मेरठ सहित कई रेलवे स्टेशनों को बम से उड़ाने की धमकी का जिक्र है। ये पत्र लश्कर ए तैयबा के नाम से नाम से भेजा गया है। जिसमें पाकिस्तान जिंदाबाद, लश्कर ए तैयबा जिंदाबाद के नारे भी लिखे हैं। पत्र में रेलवे स्टेशनों के अलावा यमुनानगर पॉवर प्लांट, बस अड्डा सहित प्रदेश के मंदिरों को भी बम से उड़ाने की बात कही गई है। त्योहारों के दिनों में बढ़ती भीड़ के कारण धमकी भरा पत्र मिलने पर रेलवे स्टेशन अधीक्षक ने रेलवे स्टेशन की सुरक्षा बढ़ाने के निर्देश दिए हैं कमांडो दल तैनात करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
पत्र मिलने के बाद रेलवे पुलिस ही नहीं जिला पुलिस भी अलर्ट हो गई है। पत्र में शामिल स्थानों का पुलिस निरीक्षण कर स्थिति का जायजा ले रही है। इस मामले में पुलिस ने दो केस दर्ज किए हैं। एक केस थाना राजकीय रेलवे पुलिस ने दर्ज किया है। जबकि दूसरी एफआईआर थाना शहर यमुनानगर पुलिस ने अज्ञात के नाम पर लिखी है। पुलिस ने दोनों ही मामलों में जांच शुरू कर दी है। हालांकि यह पत्र रजिस्ट्री से भेजा गया है परंतु पुलिस ने अभी इसे बारे कोई जानकारी देने से मना किया है। पुलिस यह पता लगाने में जुट गई है कि यह पत्र किसी स्थान, डाक घर से कब और किसने भेजा है। ये पत्र साधारण हिंदी की कॉपी के पन्ने पर हिंदी भाषा में लिखा गया है। पहले पन्ने पर यह धमकी और इसी पन्ने की दूसरी तरफ प्रेरक के रूप में आतंकी संगठन लश्कर ए तैयबा, पाकिस्तान जिंदाबाद, लश्कर जिंदाबाद लिखा हुआ है। पत्र में 15 नवंबर को जगाधरी के बिजली प्लांट (थर्मल पॉवर प्लांट) जगाधरी वर्कशॉप रेल डिब्बा कारखाना, हरियाणा के कई मंदिरों, बस अड्डों सहित धार्मिक स्थानों को बम से उड़ा देने की धमकी भी दी गई है।
17 साल से चल रहा धमकियों का सिलसिला
यमुनानगर जगाधरी रेलवे स्टेशन को बम से उड़ाने की धमकी पहली बार 2006 में मिली थी। 2015 में रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी फोन कॉल पर दी गई थी। यह धमकी भरा कॉल खिजराबाद के भूड़कलां स्थित हाइडल प्लांट के माली को आया। इस मामले में पुलिस ने कैथल के गांव किचाना निवासी भगवान दास व गुरमीत सिंह को गिरफ्तार किया था।