यमुनानगर। केंद्रीय बजट को लेकर जिले के स्कीम वर्करों में भारी रोष देखने को मिला। आंगनबाड़ी वर्कर्स व हेल्पर्स, मिड डे मील वर्कर्स, आशा वर्कर्स, भवन निर्माण मजदूर, ग्रामीण चौकीदार और ग्रामीण सफाई कर्मचारियों सहित विभिन्न वर्गों के स्कीम वर्करों ने एकजुट होकर प्रदर्शन किया और बजट की प्रतियां जलाकर विरोध जताया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि बजट में उनके मानदेय बढ़ाने, स्कीम वर्करों को कर्मचारी का दर्जा देने, न्यूनतम वेतन और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी मांगों को पूरी तरह नजरअंदाज किया गया है।
सीटू जिला संयोजक शरबती, सह संयोजक सुनीता करहेड़ा, आंगनबाड़ी यूनियन से सुनीता सुघ, रेखा सैनी, मीनाक्षी शर्मा, मिड डे मील से नीलम भट्टी और कविता शर्मा, आशा वर्कर यूनियन से राजेश रानी व गुरिंदर कौर, किसान सभा से जरनैल सिंह और प्यारे लाल तंवर ने कहा कि यह बजट मजदूर, किसान और स्कीम वर्करों के खिलाफ है। सभी ने घोषणा की कि 12 फरवरी को प्रस्तावित राष्ट्रीय हड़ताल में जिले से बड़ी संख्या में स्कीम वर्कर भाग लेंगे। हड़ताल को सफल बनाने के लिए नौ और 10 फरवरी को जिले के सभी खंडों में जत्थे निकाले जाएंगे। इन जत्थों के माध्यम से किसानों, कर्मचारियों, मजदूरों और स्कीम वर्करों के बीच जनसभाएं कर व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा। संवाद