संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानानगर। युवक पर फायरिंग करने के बाद आरोपी आशीष की ओर से आत्महत्या करने के मामले में नया मोड़ आया है। मृतक आशीष के परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि आशीष ने आत्महत्या नहीं की थी। परिजनों ने पुलिस पर ही उसकी हत्या करने के आरोप लगाते हुए एसपी को प्रार्थना पत्र सौंपकर कार्रवाई की मांग की। परिजनों की शिकायत के बाद एसपी ने इस मामले की जांच एएसपी को सौंप दी है।
सबलपुर माजरी निवासी आशीष की मां रीटा सोमवार को परिजनों के साथ एसपी कार्यालय पहुंची। उन्होंने पुलिस पर बेटे की हत्या करने के आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। रीटा ने कहा कि वह सरस्वतीनगर के सरकारी स्कूल में शिक्षिका हैं। उसका बेटा भी आशीष भी शिक्षा विभाग में करीब में क्लर्क के पद पर तैनात था। आशीष को 11 फरवरी को पथरी का दर्द हुआ था।
जब वह छुट्टी के बाद घर पहुंची तो उसने आशीष को दवा लेने के लिए डॉक्टर के पास भेज दिया। करीब साढ़े छह बजे आशीष ने डॉक्टर को देने के लिए 100 रुपये मांगे थे। उसने ऑनलाइन 100 रुपये आशीष को भेज दिए। इसके कुछ देर बाद ही आशीष ने कहा कि वह सामान लेकर आएगा 100 रुपये और भेज दो। इस पर आशीष के खाते में और रुपये भेज दिए।
रीटा रानी का कहना है कि करीब सात बजकर 10 बजे 30-40 पुलिसकर्मी उनके घर पर पहुंचे और खुद को सीआईए से बताया। पुलिसकर्मियों ने कहा कि आशीष ने मॉडल टाउन में गोली चलाई है। आरोप है कि आशीष के न मिलने पर पुलिस उसे जबरन लेकर चली गई। कुछ देर बाद उसे वापस बस स्टैंड पर छोड़ दिया।
करीब नौ बजे पता चला कि आशीष ने गोली मारकर आत्महत्या कर ली है। परिजनों का कहना है कि पुलिस ने उनसे आशीष की शिनाख्त तक नहीं कराई। अगले दिन भी उन्हें कागजी कार्रवाई में उलझा कर रखा। बाद में जबरन उसका अंतिम संस्कार करा दिया। रीटा रानी का आरोप है कि आशीष ने आत्महत्या नहीं की है। पुलिस की ओर से उसकी हत्या की गई है। उन्होंने एसपी से जांच की मांग की है। एसपी ने इस पूरे मामले की जांच एएसपी को सौंप दी।
यह था मामला
एक्टिवा सवार युवक ने 11 फरवरी को मॉडल टाउन में कार में बैठे संकेत पर फायरिंग की थी। फायरिंग में संकेत घायल हो गया था। इसके बाद पुलिस ने हमलावर का पीछा किया था। आरोपी हाइवे से एक कार लूट कर छप्पर थाना से आगे जंगल में पहुंचा। जब पुलिस उसके पास पहुंची तो युवक ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी। मृतक की पहचान आशीष निवासी सबलपुर माजरी निवासी आशीष के रूप में हुई थी।