फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Yamuna Nagar News: मरीजों का छलका दर्द, डॉक्टर नहीं मिलते... निजी में इलाज करवा लें

Tue, 14 Jul 2026 01:22 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
विज्ञापन
 कमरा नंबर 23 के बाहर डॉक्टर का इंतजार करते लोग। संवाद
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

यमुनानगर। जिला नागरिक अस्पताल की ओपीडी में सोमवार सुबह कदम रखते ही मरीजों की भीड़ और लंबी कतारें नजर आईं। भीड़ के बावजूद कई डॉक्टर अपनी सीटों पर मौजूद नहीं मिले। नतीजा यह रहा कि मरीज घंटों कुर्सियों पर बैठकर डॉक्टरों का इंतजार करते रहे और उनकी नाराजगी साफ दिखाई दी।
कुछ मरीज तो ऐसे भी दिखे जो इंतजार करते-करते खुद नींद के आगोश में चले गए। अस्पताल में सोमवार को पूरे दिन यही तस्वीर देखने को मिली। कहीं मरीज डॉक्टर का इंतजार करते रहे, कहीं लंबी कतारों में अपनी बारी का इंतजार करना पड़ा। ऐसे मरीज भी मिले जिन्हें पूरी दवाइयां नहीं मिली, उन्हें बाहर से खरीदने को कहा गया।
विज्ञापन

सुबह 11 बजकर 42 मिनट पर अस्पताल के कमरा नंबर-14 के बाहर कई मरीज अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। यहां फिजिशियन डॉ. आईएनएल कुमार की ओपीडी होती है, लेकिन उनकी कुर्सी खाली थी। मरीज लगातार दरवाजे की ओर टकटकी लगाए बैठे थे। करीब 18 मिनट बाद दोपहर 12 बजे फिर स्थिति जस की तस थी।
डॉक्टर अब भी नहीं आए थे। दरवाजे के पास बैठा हेल्पर मरीजों को अंदर जाने से रोक रहा था। पूछने पर उसने बताया कि डॉक्टर राउंड पर गए हैं। इसी दौरान 11 बजकर 41 मिनट पर कमरा नंबर-23 के बाहर भी मरीजों की लंबी कतार लगी मिली। यहां सर्जन डॉ. अंकुश कोहली की ओपीडी होती है, लेकिन उनकी सीट भी खाली थी। मरीजों को बताया जा रहा था कि डॉक्टर ऑपरेशन थिएटर (ओटी) में हैं।
अस्पताल के अन्य कमरों का हाल भी कुछ अलग नहीं था। कमरा नंबर-19 में भी डॉक्टर अपनी सीट पर नहीं मिले। डॉक्टरों की गैरमौजूदगी में बाहर बैठे हेल्परों पर मरीजों के सवालों की बौछार होती रही। हालांकि उनके पास भी यही जवाब था कि डॉक्टर जल्दी आ जाएंगे। मरीजों का कहना था कि डॉक्टरों के आने-जाने का कोई निश्चित समय नहीं है। दिखाई नहीं देता, जिससे उन्हें बार-बार इंतजार करना पड़ता है। अस्पताल के पीएमओ डॉ. विपुल गोयल का कहना है कि ओपीडी के समय डॉक्टर कहां गए थे इसका पता किया जाएगा।

महिलाओं में हो गई कहासुनी
दूसरी ओर कमरा नंबर-20 में ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ डॉ. भरत शर्मा मरीजों को देख रहे थे। यहां भी भीड़ इतनी अधिक थी कि केबिन के बाहर लंबी लाइन लग गई। इसी दौरान कतार में आगे निकलने को लेकर कुछ महिलाओं के बीच कहासुनी हो गई। लाइन में काफी देर से खड़ी महिलाओं ने विरोध जताया कि बाद में आने वाले लोग आगे घुस रहे हैं।
पौन घंटा से इंतजार कर रहा
मधु कॉलोनी निवासी अजय ने नाराजगी जताते हुए कहा कि वह पौना घंटे से फिजिशियन का इंतजार कर रहा है। अभी तक उनके आने का कोई पता नहीं है। हेल्पर ने बताया कि डॉक्टर राउंड पर गए हैं। ऐसे ओपीडी को छोड़ कर राउंड पर जाना उचित नहीं है। डॉक्टर को सुबह राउंड लेना चाहिए। अगर ओपीडी का समय है तो डॉक्टर को पहले मरीज देखने चाहिए।
विज्ञापन

एक महीने से भटक रहा हूं
जठलाना निवासी राकेश कुमार ने बताया कि उसकी बाजू की कलाई में दिक्कत है। वह एक महीने से अस्पताल में चक्कर काट रहा है। उसे डॉक्टर अंकुश कोहली नहीं मिलते। जब भी आता हूं एक ही जवाब मिलता है कि वह ऑपरेशन थियेटर में गए हैं। उन्होंने अपनी नाराजगी जताते हुए कहा कि यहां भटकने से अच्छा तो इलाज किसी निजली अस्पताल में पैसे देकर करा लें।

 कमरा नंबर 23 के बाहर डॉक्टर का इंतजार करते लोग। संवाद

 कमरा नंबर 23 के बाहर डॉक्टर का इंतजार करते लोग। संवाद

 कमरा नंबर 23 के बाहर डॉक्टर का इंतजार करते लोग। संवाद

 कमरा नंबर 23 के बाहर डॉक्टर का इंतजार करते लोग। संवाद

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें