संवाद न्यूज एजेंसी
सरस्वतीनगर। गांव दौलतपुर मालियान की सरपंच पिंकी रानी को पद से हटाने के उपायुक्त के आदेश को मंडल आयुक्त अंबाला ने बरकरार रखा है। मंडल आयुक्त ने 27 अक्तूबर को सुनाए फैसले में पिंकी रानी की अपील को निराधार बताते हुए खारिज कर दिया। इसके साथ ही 21 जनवरी 2026 को उपायुक्त की ओर से जारी आदेश यथावत रखने के निर्देश दिए हैं।
मामले के अनुसार, गांव दौलतपुर मालियान निवासी मनतेश पत्नी विनोद कुमार ने 27 अक्तूबर 2025 को शिकायत देकर आरोप लगाया था कि पिंकी रानी सरपंच होने के साथ आशा वर्कर के पद पर भी कार्य कर रही हैं और दोनों पदों का मानदेय ले रही हैं। खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी, सरस्वतीनगर की रिपोर्ट के आधार पर उपायुक्त कार्यालय ने 23 दिसंबर 2025 को पिंकी रानी को कारण बताओ नोटिस जारी किया था।इसके बाद 21 जनवरी 2026 को उन्हें सरपंच पद से हटाने का आदेश जारी किया गया।
इस आदेश के खिलाफ पिंकी रानी ने मंडल आयुक्त न्यायालय में अपील दायर की थी। सुनवाई के दौरान उन्होंने अपने पक्ष में दलीलें दीं, लेकिन मंडल आयुक्त ने रिकॉर्ड, दस्तावेजों और दोनों पक्षों की दलीलों का अध्ययन करने के बाद अपील खारिज कर दी।
डीडीपीओ नरेंद्र सिंह ने बताया कि आदेश में उल्लेख किया गया कि सरपंच का चुनाव लड़ने से पहले 12 अक्तूबर 2022 को पिंकी रानी ने आशा वर्कर के पद से त्यागपत्र देने की बात कही थी, लेकिन चुनाव जीतने के बाद उन्होंने त्यागपत्र नहीं दिया। मंडल आयुक्त ने उपायुक्त के आदेश को न्यायसंगत मानते हुए इसे बरकरार रखा।