यमुनानगर। शहर में 41 हजार एलईडी लाइटों की रोशनी के लिए लोगों को अभी 18 माह और इंतजार करना पड़ेगा। वह इसलिए क्योंकि 41 हजार में से केवल 13 हजार लाइटें ही लग सकी हैं। बाकी की 28 हजार लाइटों को लगाने डेढ़ साल का समय और लगेगा। यही चाल रही तो लाइटें डेढ़ साल में भी नहीं लगनी असंभव है। क्योंकि जब 10 माह में ही 13 हजार लाइटें लगी हैं तो 28 हजार लगाने में कितना समय लगेगा यह सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है।
दिवाली पर शहर की ज्यादातर कॉलोनियों व सड़कों पर अंधेरा पसरा हुआ है। कॉलोनियों में लगी लाइटों के अलावा शहर में सड़कों के डिवाइडर पर लगी फैंसी लाइटें भी खराब हैं।
जगाधरी में रक्षक विहार नाका से लेकर जिला जेल तक और जगाधरी में पांवटा साहिब नेशनल हाईवे पर लगी फैंसी लाइटें भी खराब हैं। इससे सड़कों पर अंधेरा पसरा हुआ है अंधेरे में लोगों को सफर करना मुश्किल हो रहा है। पहले ही बारिश से सड़कों में गड्ढों की भरमार है। दूसरा लाइटें खराब होने से अंधेरा लोगों की दिक्कत बढ़ा रहा है।
हाउस की बैठक में भी भी गूंजा लाइटों का मामला : शहर की वार्डों में खराब पड़ी लाइटों का मामला वीरवार को हुई नगर निगम हाउस की बैठक में भी जोर-शोर से गूंजा। पार्षदों का कहना है कि वह लाइटों के लिए डेढ़ साल का लंबा इंतजार नहीं कर सकते। उन्हें भी लोगों को जवाब देना होता है। उनके कहने से कॉलोनी में एक लाइट तक नहीं लगती। वार्ड 19 से पार्षद हरजीत आनंद का कहना है कि उनके वार्ड में लाइटों का बुरा हाल है। जो लाइटें लगी हैं वह भी नहीं चल रही। 41 हजार लाइटें लगाने के लिए इतना लंबा समय नहीं देना चाहिए। जब तक लाइटें लगाने का काम पूरा होगा तब तक इनमें से आधी से ज्यादा खराब हो चुकी होंगी।
वार्ड पांच के पार्षद भानू प्रताप का कहना है कि लाइटें खराब होने से लोग काफी परेशान हैं। न तो नई लाइटें लग रही हैं और न ही खराब लाइटों को ठीक किया जा रहा है। उनके वार्ड में खराब लाइटों को ठीक करने की शिकायत 19 सितंबर को की गई थी, लेकिन आज तक भी ठीक नहीं किया गया। शिकायत करने के 48 घंटे में लाइट ठीक हो जानी चाहिए। वार्ड 20 के पार्षद विक्रम राणा का कहना है कि उनके वार्ड में कई जगह ऐसी हैं जहां पर लाइट लगाने के लिए पोल तक नहीं है। इससे वहां अंधेरा पसरा रहता है। इसलिए लाइटें लगाने का काम तेजी से होना चाहिए।
वार्ड आठ के पार्षद विभाेर पाहूजा का कहना है कि कई जगह लाइट न होने से अंधेरा रहता है। इसका फायदा उठाकर चोर बाइकें चुरा ले जाते हैं। वहीं अपराध भी काफी बढ़ रहा है। इसलिए लाइटें जल्द लगना जरूरी है। संवाद