संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। महिला एवं बाल विकास के मिशन वात्सल्य के अंतर्गत जिला बाल संरक्षण इकाई की ओर से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय खारवन में जागरूकता शिविर लगाया गया। इस दौरान विद्यार्थियों को उनके अधिकारियों में बताया गया। साथ ही उन्हें कानूनों के प्रति जागरूक किया गया।
इस दौरान जिला बाल संरक्षण इकाई के मुकेश कंसल व गुरप्रीत सिंह ने कहा कि बाल संरक्षण एक गंभीर विषय है। बच्चे अकरसर अनजान पर विश्वास करने के चलते अपराध का शिकार हो जाते हैं। बच्चों को हर समय सावधान और सतर्क रहना चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को किशोर न्याय पॉक्सो अधिनियम बाल अधिकार, बाल विवाह चाइल्ड हेल्प, लाइन पुलिस हेल्प लाइन की भी जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि बच्चों को किसी भी स्थिति में असहज होने पर इसकी जानकारी देने चाहिए। अपराध पर लगाम लगाने के लिए बच्चों के लिए बाल संरक्षण मित्र बनकर उनके संरक्षण में सभी को सहयोग करना होगा।
बाल संरक्षण मित्र का अर्थ बच्चों की सुरक्षा और कल्याण के लिए काम करने वाला मित्र या साथी है। यह एक ऐसा व्यक्ति हो सकता है जो बच्चों के अधिकारों की रक्षा करने, उन्हें सुरक्षित रखने और उनके विकास में मदद करने के लिए समर्पित हो। बच्चों के संरक्षण के लिए काम करने वाला कोई भी व्यक्ति या सामाजिक कार्यकर्ता, या स्वयंसेवक बाल संरक्षण मित्र हो सकता है।