रादौर।
लगभग 24 वर्ष पहले तत्त्कालीन बंसीलाल सरकार द्वारा 1996 में डिलीवरी हट सब सैंटर नाचरौन बनाया गया था। पौना एकड़ पंचायती भूमि पर बनाए गए इस सब सैंटर में पांच गांव फतेहगढ, भगवानगढ, रापडी, नाचरौन और रतनगढ के लोगों को सुविधा देने के लिए बनाया गया। लेकिन, आज तक इसका डिलीवरी के लिए इस्तेमाल नहीं हो पाया है। डिलीवरी हट में कभी कोई डॉक्टर तैनात नहीं किया गया। न ही इस डिलीवरी हट में महिलाओं के जच्चा बच्चा के लिए कोई सुविधा है। जिस कारण डिलीवरी हट सब सेंटर मात्र शो पीस बनकर रह गया है। मामले को लेकर समाजसेवी डॉ. लाभसिंह ने मुख्यामंत्री व स्वास्थ्य मंत्री को शिकायत भेजकर डिलीवरी हट सब सेंटर की सुध लेने बारे गुहार लगाई है। गरीब लोगों को सबसे ज्यादा दिक्कत उठानी पड रही है। सरकार ने डिलीवरी हट बनाने पर लाखों रुपये खर्च किए थे। लेकिन, उसका लाभ किसी को नहीं मिला है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की है कि गांव में बनाए गए डिलीवरी हट में डॉक्टर व अन्य सुविधाएं उपलब्ध करने की मांग की है।