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Yamuna Nagar News: सजदे में झुके सिर और दुआ में उठे हाथ

Fri, 29 May 2026 12:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
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बकरीद पर पुराने हमीदा गढ़ी रोड ईदगाह में नमाज अदा करते लोग। 
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संवाद न्यूज एजेंसी
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जगाधरी। ईद-उल-अजहा (बकरीद) वीरवार को मनाया। जिले की सभी ईदगाह में इस्लाम मतावलंबियों ने पहुंचकर नमाज अदा की। अकीदतमंदों ने अल्लाह के सजदे में सिर झुका और हाथ उठाकर सभी के लिए दुआ मांगी।
शहर के पुराना हमीदा स्थित ईदगाह, जगाधरी ईदगाह, बूड़िया ईदगाह, छछरौली ईदगाह, प्रतापनगर, रादौर, व्यासपुर, साढौरा, सरस्वतीनगर सहित तमाम स्थानों पर ईदगाह व मस्जिदों में नमाज पढ़ी गई। नमाज पढ़ने के बाद समुदाय के लोगों ने एक-दूसरे को गले मिलकर बकरीद की बधाई दी। नमाजियों की भीड़ सुबह से ईदगाहों में जुटनी शुरु हो गई थी। वहीं, समुदाय की महिलाओं ने घरों में बकरीद की नमाज अदा कर एक-दूसरे काे बधाई दी।
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इस दौरान धार्मिक नेताओं, मौलाना व अन्य ने लोगों को ईद का अर्थ बताया। बूड़िया के पीर हुसैन अहमद ने कहा कि ईद खुशियों व उमंग का त्योहार है। किसी को दर्द व ठेस पहुंचाकर खुशी मनाने वाले को खुदा कभी माफ नहीं करता है। उन्होंने कहा कि बकरीद हमें धर्म व इंसानियत के मार्ग पर चलने की नसीहत देती है। इसका अर्थ है कि हमें तमाम फना होने वाली वस्तुओं व व्यर्थ के मोह से निकलकर खुदा के बताए मार्ग पर चलना है। उन्होंने कहा कि सभी ईद की खुशी मनाए और इसमें पड़ोसी को भी शामिल करें। चूंकि खुशी पर पहला हक पड़ोसी का होता है। यदि पड़ोसी तकलीफ में है, तो हमारी खुशी बेमानी है।
ईदगाहों में सुबह से उमड़ने लगी भीड़


छछरौली। छछरौली, कोट ताहरपुर सहित आसपास की विभिन्न ईदगाहों और मस्जिदों में मुस्लिम समाज के लोगों ने सुबह ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की। सभी ने देश में अमन-चैन की दुआ कर एक दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी।

सुबह से ही ईदगाहों में लोगों की भीड़ उमड़नी शुरू हो गई थी। नए कपड़ों में सजे बच्चे, युवा और बुजुर्ग बड़े उत्साह के साथ नमाज अदा करने पहुंचे। छछरौली की ईदगाह में बड़ी संख्या में लोगों ने नमाज अदा की। वहीं कोट ताहरपुर सहित आसपास के गांवों में भी धार्मिक उल्लास देखने को मिला।
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नमाज के बाद लोगों ने कब्रिस्तानों में जाकर अपने पूर्वजों के लिए भी दुआ की। इसके बाद घरों में कुर्बानी की रस्म अदा की गई और लोगों ने अपने रिश्तेदारों व परिचितों के साथ खुशियां साझा कीं। विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी मुस्लिम समाज को शुभकामनाएं दीं। संवाद
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