यमुनानगर। प्रदेश के सभी मेयरों को शहर में दस करोड़ रुपये तक के विकास कार्यों की स्वीकृति देने की शक्ति प्रदान करने पर मेयर मदन चौहान ने मुख्यमंत्री मनोहर लाल का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि यह शक्ति मिलने से शहर के विकास में तीव्रता आएगी। पहले केवल ढाई करोड़ रुपये तक के विकास कार्यों को ही स्वीकृति देने की शक्ति मेयर के पास थी। इसे चार गुणा बढ़ाया गया है।
इसके अलावा मेयर को जूनियर इंजीनियर (जेई) सहित ग्रुप सी और डी के लापरवाह और भ्रष्ट कर्मचारियों को निलंबित करने की पावर भी दी गई है। ये शक्तियां मिलने से नगर निगम क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों में तेजी आएगी। पहले दस करोड़ रुपये तक के कार्यों की अप्रूवल लेने में समय लग जाता था, लेकिन इस कार्य में देरी नहीं लगेगी। जनहित में होने वाले कार्यों की जल्द ही अनुमति मिलेगी और जल्द ही उस विकास कार्य को कराया जाएगा। निलंबित करने की पावर मिलने से लापरवाह कर्मचारी सतर्कता से कार्य करेंगे।
मेयर मदन चौहान ने बताया कि मुख्यमंत्री ने बैठक के दौरान शहरों के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। उन्होंने बताया कि जल्द ही केंद्रीय वित्त आयोग तथा राज्य वित्त आयोग की तरफ से नगर निगमों को तीसरी तिमाही का 600 से 700 करोड़ रुपये आवंटित किया जाएगा। इसके लिए उन्होंने सभी मेयर को अपने अपने क्षेत्र के विकास कार्यों का अनुमान तैयार करने को कहा है। जल्द ही नगर निगम में होने वाले करोड़ों रुपये के विकास कार्यों की सूची सरकार को भेजी जाएगी।