निजी लोन दिलाने के नाम पर कुछ लोगों के दस्तावेज लेकर बैंक कर्मचारी ने दो लोगों के साथ मिलकर लाखों रुपये का प्रोडक्ट लोन ले लिया। जिन लोगों के दस्तावेजों का इस्तेमाल कर आरोपियों ने प्रोडक्ट लोन लिया, उन्हें तब इस बात का पता चला, जब उनके पास बैंक से किस्त देने के लिए फोन आया। पीड़ित बैंक पहुंचे तो पूरे मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने गुगलो निवासी रिंकू कुमार की शिकायत पर एचडीएफसी बैंक कर्मचारी फर्कपुर निवासी नरेंद्र सिंह व शिवपुरी निवासी साहिल के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
गुगलो निवासी रिंकू कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसने व कई अन्य लोगों ने निजी लोन के लिए अपने कागजात बैंक कॉलोनी निवासी इंद्रपाल उर्फ राहुल को दिये थे। उसने वो दस्तावेज एचडीएफसी बैंक कर्मचारी फर्कपुर निवासी नरेंद्र सिंह व शिवपुरी निवासी साहिल को दिए। जिसके बाद उन्होंने उनसे मोबाइल पर आए ओटीपी लिए। इसके बाद उनकी फाइल को बैंक में जमा करवा दिया, लेकिन कई माह तक उनका लोन पास नहीं हुआ। जून 2020 में एचडीएफसी बैंक से उनके पास फोन किस्त जमा करवाने के लिए फोन आए। बिना लोन पास हुए किस्त देने की बात सुनकर वह बैंक गए। उन्होंने बैंक अधिकारियों से पूछा कि जब हमारा लोन ही नहीं हुआ है तो किस्त किस बात की दे। वहां पर उन्हें पता चला कि नरेन्द्र सिंह व साहिल ने बैंक के सीनियर अधिकारी व कुछ दुकानदारों के साथ मिलकर उनके दस्तावेज के साथ छेड़छाड़ करके प्रोडक्ट लोन लेकर लोन की राशि खुद हड़प ली। उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस को दी। पुलिस ने तब आरोपी बावा कॉलोनी निवासी मोहित सैनी, शिवपुरी बी निवासी साहिल वर्मा, बैंक कॉलोनी निवासी इंद्रपाल उर्फ राहुल पर केस दर्ज किया था। पुलिस ने तीनों आरोपियों को देर शाम गिरफ्तार कर लिया।