पिता का जर्मनी का वीजा लगवाने और उसके बेटे को मलेशिया भेजने के नाम पर चार लोगों ने उनसे चार लाख 30 हजार रुपये लेकर हड़प लिए। लेकिन आरोपियों ने न तो जर्मनी का वीजा लगवाया और न ही मलेशिया भिजवाया। विदेश न भेजने पर जब पीड़ित ने आरोपियों से रुपये मांगे तो वे धमकी देने लगे। परेशान होकर पीड़ित ने इसकी शिकायत पुलिस को दी। पुलिस ने मामले में चारों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्जकर जांच शुरू कर दी है।
कैल निवासी पवन कुमार ने सदर जगाधरी पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 2019 में वह जर्मनी का वीजा और बेटे को मलेशिया भेजना चाहता था। इस दौरान उसे पता लगा कि पंजाब के कपूरथला निवासी जगतार सिंह लोगों को विदेश भेजने का काम करता है। वह उसे विदेश भिजवा देगा। जिस पर उसने एक अक्टूबर 2019 को जगतार से बात की। जहां आरोपी ने उसका जर्मनी का वीजा लगाने और बेटे को मलेशिया भेजने का सौदा तय किया। आरोपी ने उससे चार लाख 30 हजार रुपये की मांग की। इस दौरान उसके कार्यालय में ममता, राहुल व उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी निवासी गुरप्रीत भी मिले। आरोपियों ने उसे कहा कि वे उसका जर्मनी का वीजा लगवा देगे और उसके बेटे को मलेशिया भिजवा देगा। उसने उससे कुछ दस्तावेज मांगे। जो उसने आरोपियों को दे दिए। इसके बाद आरोपी उससे चार लाख 30 हजार रुपये व दस्तावेज घर आकर ले गए। काफी दिन बीतने के बाद भी जब वीजा नहीं लगा, तो उसने आरोपियों से बात की। उन्होंने जल्द ही वीजा लगने की बात कहीं। लेकिन फिर भी आरोपियों ने न तो उसका वीजा लगवाया और न ही उसके बेटे को मलेशिया भेजा। शक होने पर उसने आरोपियों से रुपये वापस मांगे, लेकिन उन्होंने रुपये देने से इंकार कर दिया। परेशान होकर उन्होंने इसकी शिकायत एसपी को दी। एसपी ने पुलिस को मामले की जांच कर कार्रवाई करने के आदेश दिए। देर शाम पुलिस ने मामले में चारों आरोपियों के खिलाफ केस दर्जकर जांच शुरू कर दी है।
जांच अधिकारी एसआई विपिन का कहना है कि चारों आरोपियों पर केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।