यमुनानगर। कपालमोचन मेले में आने वाली महिला श्रद्धालुओं को इस बार पवित्र सरोवरों में स्नान करने में किसी तरह की दिक्कत नहीं होगी। इसके लिए प्रशासन ने सरोवरों के किनारे बने महिला घाटों की दीवारों के ऊपर स्थायी रूप से फाइबर शीट लगवा दी है। इससे बाहर से कोई भी व्यक्ति महिला घाटों के अंदर तांक-झांक नहीं कर पाएगा। वहीं महिला श्रद्धालु भी बिना किसी शर्म व हिचकिचाहट के घाटों पर स्नान कर सकेंगी। कपालमोचन में एक से पांच नवंबर तक राज्यस्तरीय मेला आयोजित होना है। यहां पर कपालमोचन, ऋणमोचन व सूरजकुंड सरोवर हैं। तीनों सरोवरों पर महिला श्रद्धालुओं के स्नान करने के लिए जनाना घाट बने हुए हैं। परंतु इनकी दीवारें काफी नीची थी। इसलिए हर बार दीवारों के आगे टैंट के पर्दे लटका दिए जाते थे ताकि बाहर से कोई भी शरारती तत्व घाटों में नहा रही महिलाओं को नहाते हुए देख न सके।
कोई बाहर से देख न रहा हो इसी हिचकिचाहट में काफी महिलाएं घाटों में ठीक से नहा भी नहीं पाती थी। इस पर प्रशासन ने महिलाओं की इस समस्या को देखते सभी महिला घाटों की दीवारों के ऊपर चार-चार फीट ऊंची फाइबर शीट लगवाई है। अब न तो अंदर से बाहर कुछ दिखता है और न ही बाहर से कोई अंदर देख पाएगा।
मान्यता है कि तीनों सरोवरों के पवित्र जल में स्नान करने से सभी पापों से मुक्ति मिलती है। इसलिए महिलाएं हो या फिर पुरुष सभी तीनों सरोवरों के जल में स्नान जरूर करते हैं। खासकर कार्तिक पूर्णिमा की रात 12 बजे तो सरोवरों में स्नान करने के लिए श्रद्धालुओं का हजूम उमड़ पड़ता है। स्नान करने के बाद श्रद्धालु सरोवरों किनारे दीप दान कर मन्नत मांगते हैं।