संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। एसडीएम रादौर ने मेसर्स ऐलिश ट्रेडिंग कंपनी खुर्दी व मैसर्स भारत ट्रेडर्स नजदीक इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप रादौरी रोड रादौर पर जाकर जांच की। जांच के दौरान खुर्दी में यूरिया कम पाया गया। इसी तरह रादौर में यूरिया के साथ जबरन सल्फर बेची जा रही थी। एसडीएम की रिपोर्ट पर कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के उपनिदेशक ने दोनों का लाइसेंस निलंबित कर दिया। साथ ही नोटिस जारी करते हुए सात दिन में स्पष्टीकरण देने को कहा गया है।
एसडीएम रादौर नरेंद्र कुमार को मेसर्स ऐलिश ट्रेडिंग कंपनी खुर्दी पर जांच के दौरान पीओएस मशीन तो मौके पर थी, लेकिन उसे संचालित करने वाला व्यक्ति वहां नहीं था। मौके पर मौजूद व्यक्ति ने बताया कि मशीन को उसका बेटा चलता है। स्टॉक रजिस्टर भी मौके पर नहीं मिला। बिक्री से संबंधित कैश मेमो/बिल बुक निरीक्षण के समय प्रस्तुत नहीं की गई। बाद में मोबाइल पर भेजी गई फोटो के अनुसार स्टॉक रजिस्टर के अनुसार 17.28 मीट्रिक टन (लगभग 380-385 बैग) यूरिया उपलब्ध दर्शाया गया था, परंतु मौके पर केवल 90-100 बैग ही पाए गए।
वहीं मेसर्स भारत ट्रेडर्स नजदीक इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप रादौरी रोड रादौर पर जाकर भी जांच की गई। एसडीएम रादौर ने पाया कि यूरिया के साथ जबरन सल्फर की बिकी की जा रही है। मौके पर मौजूद एक किसान ने एसडीएम को बताया कि पांच बैग यूरिया खरीदने पर दो बैग सल्फर जबरदस्ती खरीदने को कहा जा रहा है। पीओएस मशीन में सल्फर का कोई स्टॉक दर्ज नहीं मिला।
स्टॉफ रजिस्टर में भी सल्फर की प्राप्ति व विक्रय का रिकॉर्ड दर्ज नहीं था। इस पर उनका भी लाइसेंस निलंबित कर दिया गया।
खुर्दी में यूरिया का स्टॉक कम मिला। इसके अलावा अन्य खामियां भी मिली। रादौर में यूरिया के साथ सल्फर जबरन बेचने पर दोनों के लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं। नोटिस भेज कर पक्ष रखने को कहा गया है। -डॉ. आदित्य डबास, उपनिदेशक कृषि एवं किसान कल्याण विभाग यमुनानगर।