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भाजपा जिला कार्यकारिणी की बैठक के विरोध में किसानों का हंगामा, बैरिकेडिंग तोड़ी

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माई सिटी रिपोर्टर
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यमुनानगर। भाजपा जिला कार्यकारिणी की बैठक में शनिवार को किसानों ने जमकर हंगामा किया। रामलीला भवन में आयोजित बैठक में पूर्व केंद्रीय मंत्री रतनलाल कटारिया, परिवहन मंत्री मूलचंद शर्मा और शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुर्जर पहुंचे थे, जिसे देखते हुए पुलिस ने पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था की थी, लेकिन प्रदर्शनकारी किसानों ने ट्रैक्टर की मदद से पुलिस की बैरिकेडिंग ध्वस्त कर दी। इस दौरान हुई झड़प में गुप्तचर विभाग के इंस्पेक्टर समेत कई पुलिसकर्मी और किसान चोटिल हो गये। पुलिस ने भाकियू के जिला प्रधान सुभाष गुर्जर समेत 26 किसानों को हिरासत में लिया, हालांकि भाजपा की बैठक समाप्त होने के बाद हिरासत में लिये गये किसानों को रिहा कर दिया गया।
जिला भाजपा कार्यकारिणी की बैठक को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा के पदाधिकारियों ने पहले ही विरोध का एलान किया था। इसमें भाजपा के मंत्रियों के शामिल होने के मद्देनजर शनिवार की सुबह से ही रामलीला भवन क्षेत्र में सुरक्षा चाक-चौबंद थी। एसपी कमलदीप गोयल ने स्वयं ही सुरक्षा की कमान संभाल रखी थी। करीब 11 बजे से निर्धारित बैठक के लिए सुबह नौ बजे से ही किसान भी एकत्रित होने लगे थे। दूसरी ओर पुलिस ने सुरक्षा के लिए बैरिकेडिंग के साथ ही कंटीले तार भी लगा रखे थे।
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रामलीला भवन में बैठक शुरू होते ही किसानों ने भी सड़क पर हंगामा शुरू कर दिया और स्थल तक पहुंचने के लिए पुलिस से खूब जोर आजमाइश की। इस दौरान आक्रोशित किसानों ने पुलिस की ओर से लगाए गए कंटीले तार और अवरोधक ट्रैक्टर से टक्कर मारकर तोड़ दिए। बड़ी संख्या में किसान अवरोधकों पर चढ़ गए। इस दौरान धक्कामुक्की और झड़प में आठ-दस किसान और चार पांच पुलिसकर्मी चोटिल हो गये।
बमुश्किल पुलिस बल ने किसानों को काबू किया और भाकियू जिला प्रधान सुभाष गुर्जर सहित 26 प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया। उन्हें जगाधरी सिटी थाने में अवरुद्ध कर दिया गया। कार्यक्रम स्थल में नहीं पहुंच पाने के बाद आक्रोशित किसान मटका चौक पर ही धरने पर बैठ गए। करीब तीन घंटे तक किसान और पुलिसकर्मी आमने-सामने रहे। लगभग दो बजे तक चली भाजपा की बैठक के बाद हिरासत में लिये गये किसानों को भी रिहा कर दिया गया।
दूसरी ओर भाकियू के जिलाध्यक्ष सुभाष गुर्जर ने कहा कि जब तक कृषि कानूनों को वापस नहीं लिया जाता, तब तक किसान भाजपा के सभी कार्यक्रमों का विरोध करते रहेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेता पुलिस को आगे कर टकराव की स्थिति बना रहे हैं। वहीं, शिक्षामंत्री कंवरपाल गुर्जर ने किसानों के प्रदर्शन को राजनीति से प्रेरित बताया और कहा कि यह किसानों का नहीं बल्कि कुछ लोगों का विरोध है, जो अशांति फैलाना चाहते हैं।
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कोट
किसानों ने कार्यक्रम स्थल के बाहर धरना प्रदर्शन किया। धक्कामुक्की में कई पुलिसकर्मियों को चोट आई है। कार्यक्रम स्थल तक किसी भी किसान को नहीं पहुंचने दिया गया। मामले में कानूनी कार्रवाई की जाएगी। - कमलदीप गोयल, एसपी यमुनानगर
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