संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक शनिवार को जगाधरी अनाज मंडी में हुई। इसमें किसानों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि 12 जून यो पीपल में होने वाली किसान महा पंचायत में जिले से काफी संख्या में में किसान हिस्सा लेंगे। वहीं बैठक में किसानों ने पिछले दिनों शाहबाद में किसानों पर किए गए लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में निंदा की गई। सरकार पर आरोप लगाया कि वह अपनी घोषणा के अनुसार एमएसपी पर फसलों की खरीद नहीं कर रही। किसानों ने यह भी कहा कि हाई कोर्ट यदि स्वयं संज्ञान लेकर हाईवे को खुलवाने के आदेश जारी कर सकता है तो कोर्ट में किसानों की बात भी सुननी चाहिए। कोर्ट को आदेश देना चाहिए कि सरकार एमएसपी पर फसलों की खरीद करे। एमएसपी लागू करने का मामला कोर्ट में 10 वर्ष से लंबित है।
भारतीय किसान यूनियन रतनमान ग्रुप के जिला अध्यक्ष सुभाष गुर्जर ने कहा कि अपनी मांगों को लेकर सरकार से बातचीत करना हमारा अधिकार है। यदि सरकार बात भी नहीं करती तो सड़कों पर रोष प्रकट करना सबका संवैधानिक अधिकार है। मेरी फसल-मेरा कोरा पोर्टल पर दर्ज कराने के बाद भी सरकार एमएसपी पर फसल नहीं खरीद रही। पीपली महा पंचायत में जो भी निर्णय किसान नेताओं द्वारा लिया जाएगा वह पूरे हरियाणा में लागू होगा।
भाकियू चढूनी ग्रुप के निदेशक मंदीप सिंह रोड छप्पर व गुरवीर सिंह ने कहा कि सरकार किसानों से हर बार धोखा करती है। पहले भी सरसों की एमएसपी पर खरीद नहीं की गई। अभी भी काफी सरसों बिना बिके पड़ी है। खेतों से सूरजमुखी की कटाई हो चुकी है लेकिन सरकार इसे एमएसपी पर नहीं खरीद रही। किसान को हर बार अपनी फसल बेचने के लिए सड़क पर उतरना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि यदि पीपली महा पंचायत में यह निर्णय लिया गया कि गांवों में किसी भी भाजपा नेता को घुसने नहीं देंगे तो वह इस पर अमल करेंगे। सभी जगह भाजपा नेताओं का विरोध किया जाएगा। मौके पर महीपाल चमरौली, भारतीय किसान सभा हरियाणा से धर्मपाल सिंह चौहान, गुरभजन सिंह, आगाज संगठन से संजीव वालिया, बलबीर सिंह, ईश्वर टोपरा, विक्रांत ससौली, राजीव, पम्मी, दिलबाग सिंह, विजयपाल, साहब सिंह, महिंद्र सुढैल, विजेंद्र राणा, मदन लाल समेत अन्य माजूद रहे।