संवाद न्यूज एजेंसी
रादौर। मुगलकालीन व क्षेत्र का प्रसिद्ध व ऐतिहासिक आठ दिवसीय जाहरवीर गोगा मेड़ी मेला इस बार छह सितंबर से शुरू होने जा रहा है। मेले को लेकर सोमवार को पवित्र छड़ी निशान का आगमन हुआ। पवित्र छड़ी निशान सबसे पहले जाटनगर रादौर में दी यमुनानगर केंद्रीय कॉपरेटिव बैंक चेयरमैन धर्म सिंह बंचल के निवास पर ले जाया गया। वहां श्रद्धालुओं ने छड़ी निशान की पूजा कर सभी के लिए सुख शांति की कामना की।
इस दौरान जाहरवीर गोगा मेड़ी के महंत अनिल कश्यप व बाबूराम ने बताया कि ऐतिहासिक मेले से पहले सोमवार 18 अगस्त को गोगा महाराज का बसेरा करवाया जाएगा। वहीं, पांच सितंबर को जाहरवीर गोगा महाराज की शोभायात्रा पूरे शहरभर में निकाली जाएगी। शोभायात्रा के बाद छह सितंबर को आठ दिवसीय मेले का शुभारंभ किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि रादौर में जाहरवीर गोगा मेड़ी पर मुगल काल से आठ दिवसीय मेला लगता आ रहा है। मेले से पहले पवित्र छड़ी निशान को रादौर, छोटाबांस, रादौरी, अमलौहा, धानुपुरा, बापौली व अन्य गांवों में घर-घर ले जाया जाएगा। जहां श्रद्धालु पवित्र छड़ी निशान की पूजा करेंगे। उन्होंने बताया कि जाहरवीर गोगा मेड़ी मेला देशभर में प्रसिद्ध है।
इस मेले का क्षेत्र के लोग वर्ष भर इंतजार करते हैं। इस मेले की खासियत यह है कि इस मेले में न केवल हिंदू, बल्कि सिख, मुस्लिम, ईसाई व अन्य सभी धर्मों के लोग शामिल होते हैं। इसकी लोगों में ऐसी आस्था है कि श्रद्धालु विदेशों से यहां माथा टेकने आते हैं। मेले में लोग मन्नत पूरी होने पर परिवार सहित छड़ी निशान जाहरवीर गोगा मेड़ी पर चढ़ाने आते हैं।
छड़ी निशान श्रद्धालुओं के घर से शुरू होकर ढोल के साथ जाहरवीर गोगा मेड़ी पर पहुंचता है। जाहरवीर गोगामेड़ी मेला आमतौर पर सितंबर माह में नगरपालिका की ओर से आठ दिन के लिए लगाया जाता है। उन्होंने बताया कि 400 वर्ष से जाहरवीर गोगा मेड़ी पर मेला लगता आ रहा है। मेले में हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, नेपाल व अन्य स्थानों से काफी श्रद्धालु आते हैं। मेले के दौरान दंगल प्रतियोगिता करवाई जाती है। जिसमें देशभर के नाम पहलवान भाग लेते हैं।