संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। ट्विनसिटी (यमुनानगर-जगाधरी) के बाद जिले के छछरौली, छप्पर व बिलासपुर के लिए भी इलेक्ट्रिक एसी बसें चलने लगेंगी। इसमें दो माह का समय लग सकता है। क्योंकि डिपो के कोटे की शेष 45 इलेक्ट्रिक एसी बसें आनी हैं, जो मार्च के आखिर में आने की संभावना है। रोडवेज अफसरों की मानें तो अप्रैल में ग्रामीण रूटों पर भी यह बसें दौड़ती नजर आएंगी, जिसका अभी रूट प्लान तैयार किया जा रहा है।
हरियाणा रोडवेज के यमुनानगर डिपो पर जनवरी माह में आई पांच इलेक्ट्रिक एसी बसों को 29 जनवरी मार्च से सिटी बस सेवा के रूप में यमुनानगर व जगाधरी, दोनों शहरों के मुख्य रास्तों पर चलाया जा रहा है। इन बसों में पहले आठ दिन करीब 13 हजार यात्रियों को निशुल्क सफर कराया गया। गत छह फरवरी से इलेक्ट्रिक एसी बसों में यात्रियों से किमी. के हिसाब से तय किराया वसूला जा रहा है।
सिटी बस सेवा में लोगों का रुझान देख इलेक्ट्रिक एसी बसों को साथ लगते ग्रामीण क्षेत्रों में भी चलाने की योजना बन रही है। इसके लिए बिलासपुर, छछरौली व छप्पर जैसे इलाकों का रूट प्लान तैयार हो रहा है। योजना के तहत अगर उक्त रूटों पर भी इलेक्ट्रिक एसी बसें चलती हैं तो विद्यार्थी व नौकरीपेशा वर्ग को बड़ा फायदा होगा। क्योंकि इन्हीं रूटों से काफी संख्या में विद्यार्थी व नौकरीपेशा लोग रोज शहर आते हैं, जिन्हें रोडवेज बसों की कमी में भीड़ के बीच सफर या अपने निजी वाहनों से आना-जाना पड़ता है।
अभी इलेक्ट्रिक एसी बसों की संख्या पांच हैं, जिन्हें यमुनानगर-जगाधरी के मुख्य रास्तों पर चलाया जा रहा है। जैसे ही डिपो के कोटे की शेष 45 और इलेक्ट्रिक एसी बसें आएंगी, वैसे ही उन्हें छछरौली, छप्पर जैसे ग्रामीण रूटों पर भी चलाया जाएगा। - अशोक कौशिक, जीएम रोडवेज, यमुनानगर।