यमुनानगर। नगर निगम की आय गत वित्तीय वर्ष में 196 करोड़ पार कर गई, बावजूद इसके निगम के फंड से गलियों-सड़कों के हिस्से नाममात्र राशि ही आई। हालांकि बजट में गलियों-सड़कों के निर्माण व मरम्मत पर 25.60 करोड़ रुपये खर्च का लक्ष्य था, पर महज 4.65 लाख रुपये ही खर्च किए गए। ये खुलासा खुद निगम अफसर कर रहे हैं, जिन्होंने चालू वित्त वर्ष के बजट के साथ गत वर्ष के बजट में हुए आय-व्यय का भी ब्योरा है। जिसे देख चलता है कि पौने दो अरब से अधिक आय के बाद भी निगम फंड से गलियों-सड़कों के निर्माण व मरम्मत करने में कंजूसी की गई, जबकि अन्य फंड व ग्रांट के सहारे यह काम कराए गए।
अबके 17 करोड़ खर्च बजट, जिसे पार्षद बता रहे नाकाफी
वर्ष-2023-24 के नगर निगम बजट में गलियों-सड़कों के निर्माण व मरम्मत के लिए 17 करोड़ रुपये खर्च का बजट रखा है। इसे भी वार्डों के पार्षद नाकाफी बता रहे हैं। वार्ड-4 से पार्षद देवेंद्र सिंह, 5 से विनय कांबोज, 13 से निर्मल चौहान ने कहा कि हर साल निगम के बजट में गलियों-सड़कों के निर्माण व मरम्मत के लिए करोड़ों रुपये खर्च का बजट रखा जाता है, पर इस फंड में से नाममात्र राशि खर्च होती है। गत वर्ष भी 25.60 करोड़ रुपये खर्च का लक्ष्य था, पर महज 4.65 लाख रुपये ही खर्च हुए। अब वर्ष-2023-24 के लिए खर्च का बजट बढ़ाने के बजाए गत वर्ष के 25.60 करोड़ से कम कर 17 करोड़ कर दिया है, जो कुल 22 वार्डों के लिए नाकाफी हैं। इसलिए आगामी सदन बैठक में हर वार्ड को गलियों-सड़कों के निर्माण के लिए निगम फंड से 5-5 करोड़ देने की मांग होगी।
अपनी सड़कें संवरी नहीं...पीडब्ल्यूडी की लेने की तैयारी
वार्ड-7 से पार्षद रामआसरा भारद्वाज, 8 से विनोद मरवाह ने कहा कि अफसरों से नगर निगम के अधीन गलियां-सड़कें संवारी नहीं गईं और निगम क्षेत्र में लगती पीडब्ल्यूडी की सड़कों को भी निगम अधीन के अधिकार क्षेत्र में लेने की तैयारी कर रहे हैं। इसका सदन में प्रस्ताव भी पास हो चुका है, पर निगम को पहले अपनी सभी गलियों-सड़कें सुधारनी चाहिएं। जिन पर काम न लगने पर कई बार अफसर फंड कमी का बहाना बना देते हैं, पर गत वर्ष 196 करोड़ आय के बाद भी गलियों-सड़कों पर महज 4.65 लाख रुपये ही खर्चे गए। यही कारण है कि सालभर गलियों-सड़कों की हालत बिगड़ी रहती है, क्योंकि उनके लिए अफसर अन्य फंड व ग्रांट के भरोसे रहते हैं। इसलिए मांग है कि गलियों-सड़कों के लिए निगम फंड से खर्च का बजट बढ़ाया जाए।
वर्जन-
प्रयास रहेगा कि बजट में सड़कों गलियों के निर्माण व मरम्मत पर तय लक्ष्य मुताबिक खर्च किया जाए।
- आयुष सिन्हा, आयुक्त, नगर निगम।
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