यमुनानगर के जगाधरी में 13 साल की नाबालिग से छेड़छाड़ करने वाले दोषी को स्पेशल पॉक्सो अदालत ने साढ़े तीन साल कैद और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। दोषी मधुबन के खिलाफ 10 जून 2020 को पुलिस ने पॉक्सो एक्ट में केस दर्ज किया था।
महिला ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह मकान के एक कमरे में अपने तीन बच्चों और पति के साथ रहती है। महिला ने बताया कि वो एक अस्पताल में नौकरी करती है। नौ जून 2020 को वो नाइट ड्यूटी पर गई थी। घर में उसकी दो नाबालिग बेटियां, एक पांच साल का बेटा और लकवाग्रस्त पति थे।
रात करीब डेढ़ बजे मधुबन उर्फ नाथी उसके कमरे में आया और गलत इरादे से उसकी 13 साल की बेटी के साथ छेड़छाड़ करने लगा। इतने में बेटी की आंख खुल गई और आरोपी को देखकर वो चिल्लाने लगी। उसके चिल्लाने की आवाज सुनकर उसका परिजन उठ गए और मकान के अन्य किराएदार भी वहां आ गए।
किराएदारों को देखकर आरोपी अपने कमरे में चला गया और अंदर से कुंडी लगा ली। महिला की शिकायत पर पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल और काउंसलिंग करवाकर मजिस्ट्रेट के समक्ष उसके बयान दर्ज करवाए। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। लगभग दो साल के बाद मामले में अब अदालत ने फैसला सुनाते हुए दोषी को सजा सुनाई है।