हरियाणा के यमुनानगर के हैप्पी हत्याकांड में सौतेला पिता तरसेम ही नहीं बल्कि उसे जन्म देने वाली उसकी सगी मां सीमा भी शामिल थी। आरोपी पिता से पूछताछ में हत्याकांड की परतें खुलने लगी हैं। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सामने आया है कि जब सौतेला पिता वारदात को अंजाम दे रहा था तो मां दरवाजे पर खड़ी होकर निगरानी कर रही थी।
यही नहीं तलवार से सौतेले बेटे को मौत के घाट उतारने के बाद उसके टुकड़े कर ठिकाने लगाने और सबूत मिटाने में भी मां शामिल रही। हत्याकांड में मां की संलिप्तता उजागर होने के बाद पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से आरोपी मां को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया, जबकि सौतेले पिता को पांच दिन की रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।
सीआईए-टू इंचार्ज राकेश कुमार ने बताया कि जगाधरी की प्रतापनगर कॉलोनी निवासी वरुण उर्फ हैप्पी की हत्या के मामले में गिरफ्तार उसके सौतेले पिता तरसेम को कोर्ट में पेश करने के बाद पांच दिन की रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।
इससे पहले उसने बताया कि हत्याकांड में उसके साथ उसकी पत्नी सीमा भी शामिल है, जिसके बाद उनकी टीम ने शनिवार को उसे तेजली स्टेडियम के पास से गिरफ्तार किया है। उन्होंने बताया कि हैप्पी उर्फ वरुण की हत्या के लिए सगी मां और सौतेले पिता ने मिलकर साजिश रची।
इसके बाद जब तलवार से तरसेम ने हैप्पी की हत्या की तो उस समय आरोपी मां सीमा निगरानी कर रही थी। जब हत्या कर दी गई तो उसने पॉलिथीन में हैप्पी के शव को पैक करवाया और बोरी में डलवा कर कार की डिग्गी में डलवाया था। उसके बाद रातभर जागकर बेटे के खून से सने कपड़ों और फर्श को साफ किया।
रिमांड के दौरान आरोपी से वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियार बरामद करने हैं। इससे पहले वारदात में इस्तेमाल की गई कार को बरामद कर लिया गया है। विदित हो कि आरोपी महिला सीमा हिसार की रहने वाली है। करीब 12 साल पहले उसकी तरसेम से शादी हुई थी। मृतक हैप्पी तरसेम का सौतेला पिता है, जबकि सीमा उसको जन्म देने वाली मां है।
रोज होती थी कहासुनी और विवाद, झगड़े से परेशान हो की हत्या की वारदात
इंचार्ज ने बताया कि पूछताछ में मृतक की मां सीमा ने बताया कि वरुण उर्फ हैप्पी नशा करता था। रुपयों व कार की मांग को लेकर वह रोजाना उनसे झगड़े करता था। इससे उनका पूरा परिवार परेशान था। उसने कई बार उनसे मारपीट भी की थी। वह अपने पिता को भी मारने की फिराक में था। झगड़ों से परेशान होकर ही उन्होंने उसे मारने की योजना बनाई थी।
गोताखोरों को बोरी में मिला था शव
12 दिसंबर दोपहर ग्रे पेलिकन होटल के नजदीक पश्चिमी यमुना नहर में सिक्के निकालने पहुंचे गोताखोर राजीव और उसके साथी बड़का ने बोरी में शव देखा था, जिसके अंगों को धारदार हथियार से काटा गया था। उसकी शिनाख्त जगाधरी की प्रतापनगर कॉलोनी निवासी वरुण उर्फ हैप्पी के रूप में हुई थी। तब उसके पिता ने कहा था कि हैप्पी रविवार की दोपहर को घर से 70 हजार रुपये लेकर सेकेंड हैंड कार खरीदने की बात कहकर निकला था, लेकिन इसके बाद वह लापता हो गया। 16 दिसंबर को पुलिस ने हत्या के आरोप में उसके सौतेले पिता तरसेम को गिरफ्तार किया, जिसने वारदात को अंजाम देना कबूल किया।