बलात्कार के झूठे मामले में फंसाने का डर दिखाकर दो लोगों से सात लाख की उगाही करने के आरोपी हेडकांस्टेबल राजीव कुमार और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए शहर पुलिस ने यूपी तथा हरियाणा में अनेक जगहों पर दबिश दी। जांच अधिकारी व अर्जुन नगर चौकी प्रभारी ज्ञानचंद का कहना है कि आरोपी लड़कियों के पते वेरिफाई नहीं हो पा रहे हैं। इस कारण उन तक पहुंचने में दिक्कत आ रही है।
गौरतलब है कि शहर पुलिस द्वारा केस दर्ज करने के बाद से इस मामले में नामजद हेड कांस्टेबल राजीव कुमार, गांव लालछप्पर निवासी चंद्रमोहन, यमुनानगर के तिलक नगर निवासी पूनम तथा विकास नगर निवासी आशु अंडरग्राउंड चल रहे हैं।
यह था मामला
शहर थाना जगाधरी के अंतर्गत अर्जुन नगर चौकी में तैनात कांस्टेबल राजीव कुमार द्वारा दो लोगों को बलात्कार के झूठे केस में फंसाने का डर दिखाकर सात लाख रुपये की उगाही करने पर शहर पुलिस ने हेडकांस्टेबल गांव टाबर निवासी चंद्रमोहन, यमुनानगर के तिलक नगर निवासी पूनम तथा विकास नगर निवासी आशु के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया हुआ है।
मामले की गंभीरता के मद्देनजर पुलिस के आला अधिकारियों ने हेड कांस्टेबल राजीव कुमार को सस्पेंड कर दिया था। अर्जुन नगर चौकी प्रभारी ज्ञानचंद के मुताबिक वीरवार को उन्होंने सहारनपुर के गांव टाबर में दबिश दी। जहां पर चंद्रमोहन रहता है। इसके अलावा हेड कांस्टेबल के गांव भूतमाजरा में भी दबिश दी है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की धरपकड़ के लिए दबिश जारी है।