अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर
प्रधानमंत्री कार्यालय के प्रधान सचिव का नाम लेकर डीसी ऑफिस में फोन कर युवती को नौकरी पर रखने सिफारिश के मामले में पुलिस ने एफआइआर दर्ज की है। डीसी कैंप ऑफिस के क्लर्क रवींद्र कुमार की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति पर धोखाधड़ी की धाराओं के तहत एफआइआर की है। रविंद्र ने अपनी शिकायत में बताया कि 12 मार्च को वह ड्यूटी पर था, इसी दौरान एक नंबर से कॉल आई और फोन करने वाले ने कहा कि वह पीएम आफिस दिल्ली से बोल रहा है, उसने अपना नाम नृपेंद्र मिश्रा प्रधान सचिव बताया। फिर 13 मार्च को एक ओर नंबर के कॉल आई और उसने खुद को प्रधान सचिव का पीए आशीष बताया। उसने कहा कि जयता नाम की लड़की को नौकरी लगवाने के बारे में डीसी से बात करनी। रवींद्र ने डीसी को सारी बातों से अवगत कराया। डीसी ने फोन कॉल पर शक जताया और वापस फोन किया तो पता चला दोनों नंबर फर्जी है। जांच में दोनों नंबर विदेशी निकले।
बॉक्स
जिस युवती का नाम लिया, उसका ससुराल से चल रहा है झगड़ा
बताया जा रहा है कि जिस युवती को नौकरी लगवाने के लिए पीएमओ कार्यालय के नाम से फर्जी कॉल की गई। उस युवती का अपने ससुराल वालों से झगड़ा भी चल रहा है। इसी तरह के फर्जी कॉल करके ससुराल वालों को तंग किया गया। इतना ही नहीं ननद का रिश्ता छुड़वाने का भी प्रयास किया गया।
बॉक्स
पुलिस के हाथ खाली
डीसी के कार्यालय में इस तरह से फोन आने के मामले को लेकर पुलिस गंभीर नजर नहीं आ रही। पुलिस अभी तक यह पता नहीं कर पाई है कि कॉल करने वाला शख्स कौन है और उसने कहां से कॉल की। जबकि पीएमओ का नाम लेने के बाद पुलिस को तुरंत एक्टिव हो जाना चाहिए था। इतना वक्त बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं।
वर्जन
इस मामले की गंभीरता से छानबीन की जा रही है। नंबरों को ट्रेस आउट करने के लिए टीमें लगी हुई है। जल्द ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा।-विजय कुमार, हुडा चौकी इंचार्ज