जिला विजिलेंस टीम ने वीरवार शाम खाद्य आपूर्ति विभाग के दो सब इंस्पेक्टरों को डिपो होल्डर से तीस हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया। आरोपियों से पुलिस ने पांच हजार रुपये बरामद किए जबकि 25 हजार रुपये आरोपियों ने कहां छिपाए, इस बारे में पूछताछ की जा रही है। बताया जा रहा है कि दोनों आरोपी डिपो होल्डर को उसका लाइसेंस रद करने की धमकी दे रहे थे।
सुढल निवासी हरबीर सिंह ने बताया कि शुक्रवार को खाद्य आपूर्ति विभाग के दो सब इंस्पेक्टर राजकुमार व इंद्र सिंह ने उसके डिपो पर छापामारी की। उस समय डिपो बंद था। डिपो बंद होने पर आरोपियों ने उसे डिपो का लाइसेंस रद करने की धमकी दी। वह घबरा गया और आरोपियों ने उससे मामले को निपटाने के लिए तीस हजार रुपये सुविधा शुल्क दिए जाने की मांग की।
इस पर डिपो होल्डर हरबीर सिंह ने वीरवार को विजिलेंस को शिकायत दे दी। विजिलेंस की टीम ने मामले से प्रशासन को अवगत कराया। इसके बाद प्रशासन ने तहसीलदार जयभगवान को ड्यूटी मजिस्ट्रेट बनाकर विजिलेंस टीम के साथ आरोपियों को पकड़ने के लिए भेजा। विजिलेंस टीम का नेतृत्व कर रहे इंस्पेक्टर सतनारायण ने हरबीर सिंह को तीस हजार रुपये देकर आरोपियों के पास भेजा।
जैसे ही हरबीर सिंह ने खाद्य आपूर्ति विभाग के कार्यालय में जाकर आरोपियों को पैसे थमाए, उसी समय विजिलेंस की टीम ने दोनों सब इंस्पेक्टरों राजकुमार व इंद्र सिंह को गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान सब इंस्पेक्टर राजकुमार ने मौके से भागने का प्रयास किया लेकिन विजिलेंस टीम ने उसे दबोच लिया।
बाद में दोनों की तलाशी लेने पर पांच हजार रुपये के नोट बरामद हुए। जबकि 25 हजार रुपये आरोपियों ने कहां छिपा दिए, इस बारे में देर शाम तक पूछताछ जारी थी।