कोरोना से मरने वालों की संख्या प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। एक सप्ताह से रोज कोई न कोई कोरोना संक्रमित अपनी जान गवां रहा है। शनिवार को भी कोरोना संक्रमित दो लोगों की मौत हो गई। इलाज के दौरान एक महिला व व्यक्ति कोरोना से जंग हार गया। वहीं 70 नये मामले सामने आए हैं। जबकि सुखद यह है कि 80 लोग कोरोना को मात कर घर पहुंच गए हैं। सभी नये संक्रमितों को आइसोलेट कर दिया गया है।
मरने वालों में एक 67 वर्षीय बुजुर्ग मुलाना अस्पताल में भर्ती था। परिजनों के अनुसार बुजुर्ग को कोरोना संक्रमण के साथ सांस लेने में भारी परेशानी हो रही थी। जिसके बाद उन्हें मुलाना अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। वहीं पीजीआई में भर्ती छछरौली के गनौली निवासी 53 वर्षीय महिला की मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि उसे कोरोना संक्रमण के साथ शुगर व फेफड़ों में परेशानी थी। दो सितंबर को महिला की रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। इलाज के दौरान शुक्रवार की देर रात महिला ने दम तोड़ दिया। दोनों संक्रमित शवों का नगर निगम कर्मचारियों ने कोरोना गाइडलाइन के अनुसार अंतिम संस्कार करवाया।
कोरोना के मामले रोजना सामने आ रहे हैं। हर दिन 50 से अधिक संक्रमित पाए जा रहे हैं। शनिवार को भी 70 लोगों कोरोना संक्रमित मिले। जिस पर स्वास्थ्य विभाग ने उन्हें आइसोलेट कर दिया है। वहीं उनके क्षेत्र को कंटेनमेंट जोन बना दिया गया है। लेकिन शनिवार को सुखद यह रहा कि नये संक्रमित मिले लोगों से ज्यादा ने कोरोना को मात दी है। जिले के 80 लोग कोरोना से जंग जीत गए हैं। जिसके बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। सिविल सर्जन डॉ. विजय दहिया ने बताया कि अब तक 2216 कोरोना संक्रमित मिले हैं। इनमें से 1433 मरीज ठीक होकर घर लौट चुके हैं। फिलहाल 745 सक्रिय मरीज हैं। इनमें से 534 मरीजों को होम आइसोलेट किया गया है।
जिले से अब तक 52 हजार 268 सैंपल भेजे गए थे। अभी 3363 सैंपलों की रिपोर्ट नहीं आई है। कोरोना संक्रमित मिलने पर जिले में 888 कंटेनमेंट जोन बनाए गए थे। इनमें से 521 कंटेनमेंट जोन हटा दिए गए हैं। फिलहाल 367 कंटेनमेंट जोन हैं। सिविल सर्जन डॉ. विजय दहिया ने बताया कि कोरोना से बुजुर्गों व बच्चों का विशेष रूप से ख्याल रखने की जरूरत है। अब तक जो भी मौतें हुई हैं। उनमें अधिकतर बुजुर्ग हैं। जिन्हें कई अन्य बीमारियां भी होती हैं। कोरोना संक्रमण होने पर उन्हें रिकवर करने में दिक्कत आती है।