संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। राशन डिपो पर सैकड़ों क्विंटल राशन की हेराफेरी हो रही है। डिपो होल्डरों के इस खेल को सीएम फ्लाइंग की टीम पकड़ रही है। वहीं जिले खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के किसी भी अधिकारियों को इस गड़बड़ी की भनक तक नहीं लग रही। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि जब राशन में हेराफेरी की सूचना सीएम फ्लाइंग को लग सकती है तो जिले के अधिकारियों को क्यों नहीं?
सीएम फ्लाइंग की रेड के बाद खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के इंस्पेक्टर आरोपी डिपो होल्डरों पर थाने में केस दर्ज करवा रहे हैं। धांधली पकड़ी गई तो डिपो की सप्लाई रोक दी जाती है। इसके बाद विभाग कोर्ट के फैसले का इंतजार करता है। विभाग के अधिकारी अपनी तरफ से यह भी जानने का प्रयास नहीं करते कि डिपो से जो राशन कम मिला है वह कहां गया। वह लोगों में बंटा या नहीं। डिपो पर राशन की गड़बड़ी तब पकड़ी जा रही है जब खाद्य एवं आपूर्ति विभाग को हर महीने 25 प्रतिशत डिपो की मौके पर जाकर जांच करनी होती है। जितनी भी एफआईआर दर्ज हुई हैं उनमें साफ लिखा हुआ है विभाग को मुख्यमंत्री उड़नदस्ते से सूचना प्राप्त हुई कि डिपो पर लोगों को राशन नहीं दिया जाता। जिले में 610 डिपो से लोगों को राशन मिलता है।
सीएम फ्लाइंग ने 21 फरवरी को ईशोपुर कॉलोनी में नरेश कुमारी के नाम से अलॉट डिपो पर छापा मारा। ताला तोड़कर डिपो में जांच की गई। जांच के दौरान डिपो से 90 क्विंटल आटा, 87 क्विंटल गेहूं व साढ़े चार क्विंटल चीनी कम मिली। पीओएस मशीन में आटा 9919.5 किलोग्राम चढ़ा हुआ था जबकि मौके पर 925 किलोग्राम ही मिला। इसी तरह से चीनी 815 किलो मशीन के रिकार्ड में थी और स्टॉक में केवल 325 किलो ही मिली।
सीएम फ्लाइंग ने 21 फरवरी को ही वार्ड 18 की मॉर्डन कॉलोनी में डिपो होल्डर नवीन कुमार के डिपो पर रेड की। नवीन कुमार ने टीम को बताया कि वह काफी दिनों से बीमार है। डिपो का संचालन इंदिरा गार्डन का तिलक राज, नोमिनी राहुल व सुदेश कुमारी करते हैं। ताला तोड़ कर जांच की गई तो डिपो से 31.48 क्विंटल आटा, 1518 किलोग्राम बाजरा व एक क्विंटल 10 किलोग्राम चीनी कम मिली। पुलिस ने सरकारी राशन को खुर्दबुर्द करने के आरोप में तिलकराज, राहुल, नवीन कुमार व सुदेश पर केस दर्ज कर लिया।
इसी तरह 16 फरवरी को सीएम फ्लाइंग ने गांव गोलनी में डिपो होल्डर विनोद कुमार के डिपो पर रेड की। रेड के दौरान पता चला कि डिपो पर गांव स्यालवा की सप्लाई भी अटैच है। गोलनी के डिपो पर 21.80 क्विंटल व स्यालवा के डिपो पर 11 क्विंटल आटा कम मिला। जबकि ऑनलाइन स्टॉक में आटा 57.16 क्विंटल, बाजरा 10.76 क्विंटल, गेहूं 22.97 क्विंटल, चीनी 2.95 क्विंटल होनी चाहिए थी। डिपो संचालक पर पुलिस ने केस दर्ज किया।
वहीं सीएम फ्लाइंग ने 17 फरवरी को वीना नगर में डिपो होल्डर गजेंद्र राणा के डिपो पर रेड की। रिकॉर्ड के अनुसार डिपो पर 17.55 क्विंटल आटा होना चाहिए था लेकिन मौके पर 3.50 क्विंटल मिला। तभी एक युवक वहां ऑटो में 20 कट्टों में आटा लेकर पहुंचा। युवक ने पूछने पर बताया कि वह आटा रटौली के डिपो से लाया है। रटौली में जांच करने पर वहां भी चीनी व आटा कम मिला।
विभाग ने दर्ज कराया मामला : अशोक कुमार
डीएफएससी अशोक कुमार ने बताया कि जितने भी डिपो पर राशन की गड़बड़ी पकड़ी गई है उन पर खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने थानों में एफआईआर दर्ज करवा दी है। इसके अलावा सभी की सप्लाई भी रोक दी है। अब कोर्ट के फैसले का इंतजार है। यदि कोर्ट डिपो होल्डरों को दोषी मानता है तो उनकी सिक्योरिटी राशि भी जब्त कर ली जाएगी और डिपो को निरस्त कर दिया जाएगा।