यमुनानगर। शहर के साहित्यकार एवं कथाकार ब्रह्मदत्त शर्मा के कहानी संग्रह पीठासीन अधिकारी को हरियाणा साहित्य एवं संस्कृति अकादमी का प्रतिष्ठित श्रेष्ठ कृति पुरस्कार प्रदान किया गया है। पंचकूला स्थित अकादमी सभागार में मंगलवार को आयोजित सम्मान समारोह में हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र सिंह कल्याण, अकादमी के उपाध्यक्ष कुलदीप सिंह अग्निहोत्री तथा यमुनानगर के विधायक घनश्याम दास अरोड़ा ने उन्हें यह सम्मान प्रदान किया।
पुरस्कार के तहत शर्मा को 31 हजार रुपये की नकद राशि और हरियाणा रोडवेज की बसों में आजीवन निःशुल्क यात्रा की सुविधा वाला बस पास दिया गया। समारोह में प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए हिंदी और पंजाबी के अनेक साहित्यकारों को भी सम्मानित किया गया। वर्ष 2020 में प्रकाशित कहानी-संग्रह पीठासीन अधिकारी का लोकार्पण हरियाणा के तत्कालीन शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुर्जर ने किया था।
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प्रकाशन के बाद से यह संग्रह साहित्यिक जगत में लगातार चर्चा का विषय है। इसके दो संस्करण प्रकाशित हो चुके हैं। संग्रह में कुल दस कहानियां शामिल हैं, जिनमें से पांच कहानियां पुस्तक प्रकाशित होने से पहले ही राष्ट्रीय स्तर की विभिन्न कहानी प्रतियोगिताओं में पुरस्कृत हो चुकी थीं।
ब्रह्मदत्त शर्मा के अब तक तीन कहानी-संग्रह और दो उपन्यास प्रकाशित हो चुके हैं। मूल रूप से झीवरहेड़ी गांव के निवासी शर्मा वर्तमान में सेक्टर-18, हुडा, यमुनानगर में रहते हैं और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पाबनी कलां में अध्यापक के रूप में सेवाएं दे रहे हैं।