फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अब दस जनवरी तक कर सकेंगे हज यात्रा के लिए आवेदन

विज्ञापन
विज्ञापन
हज यात्रा पर जाने के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 10 दिसंबर से बढ़ाकर 10 जनवरी कर दी गई है। यमुनानगर जिले से इस बार बहुत ही कम आवेदन आए हैं। हर साल करीब 300 के लगभग आवेदन आते थे, लेकिन इस बार कोरोना की वजह से मात्र 40 आवेदन ही आए हैं। बुड़िया खानकाह के हाफिज सत्तार ने बताया कि इस बार हज यात्रा पर जाने के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 10 दिसंबर थी जो कि भारत सरकार ने बढ़ाकर 10 जनवरी कर दी है।
विज्ञापन

देेश से हर वर्ष लगभग तीन लाख यात्री हज यात्रा करने के लिए जाते थे। इस बार कोरोना की वजह से 10 दिसंबर अंतिम तिथि तक सिर्फ साठ हजार लोगों के आवेदन ही हज यात्रा पर जाने के लिए आए। जिला यमुनानगर में भी हज यात्रा पर जाने वालों की संख्या घटी है। हज यात्रा पर जाने के लिए ऑनलाइन आवेदन किया जाता है। उसके बाद ड्रा निकाला जाता है। ड्रा में जिस व्यक्ति का नाम आता है उसको ही भारत सरकार द्वारा हज यात्रा पर जाने के लिए इजाजत दी जाती है। उन्होंने बताया कि इस समय हज यात्रा पर जाने के लिए जो आवेदन किए जा रहे हैं। आवेदन करने के दो महीने बाद ही ड्रा निकाला जाएगा और उसके बाद जून-जुलाई महीने में हज यात्रियों को हज यात्रा के लिए भेजा जाता है। पिछले वर्ष यानी कि 2019 में जिन लोगों ने हज यात्रा पर जाने के लिए आवेदन किया था। कोरोना की वजह से लगे लॉकडाउन के कारण 2020 की हज यात्रा स्थगित कर दी गई थी। अब जो आवेदन किए जा रहे हैं । यह आवेदन 2021 हज यात्रा के लिए लिए जा रहे हैं। इस बार हज यात्रा पर जाने के लिए सिर्फ 15 फीसदी लोगों ने ही आवेदन किया था। इसलिए भारत सरकार द्वारा आवेदन करने की अंतिम तिथि एक महीना और बढ़ा दी गई है।
मजलिस ए अहरार हरियाणा के अध्यक्ष कारी सईदुजमा का कहना है कि हज यात्रा में की गई सरकार द्वारा फीस वृद्धि ने लोगों का बजट पूरी तरह से बिगाड़ दिया है। बढ़ाई गई फीस के कारण ही 80 फीसदी से ज्यादा लोगों ने आवेदन नहीं किया। हज यात्रा के लिए प्रति व्यक्ति एक लाख से भी ज्यादा की बढ़ोतरी की गई है। इस तरह दो व्यक्तियों की हज यात्रा में यह बढ़ोतरी दो लाख से ज्यादा हो जाती है। जिन लोगों ने पहले से ही तैयारी की हुई थी और ऐन वक्त पर हज यात्रा में फीस की बढ़ोतरी होने से उनका बजट बिगड़ गया है।
विज्ञापन

नगली के सरपंच अहमद का कहना है कि कोरोना काल में लगे लॉकडाउन की वजह से लोगों के काम धंधे बिल्कुल ही बंद पड़े थे। अभी दो महीने से ही लोगों के काम धंधे रफ्तार पकड़ने लगे हैं। जो भी व्यक्ति हज पर जाता है। अपने घर परिवार में काम धंधे की स्थिति देखकर ही जाता है। जो लोग 10 दिसंबर तक हज यात्रा पर जाने के लिए आवेदन नहीं कर सके थे। अब आवेदन कर सकते हैं। हज यात्रा पर आवेदन करने की अंतिम तारीख बढ़ाने से उनको इसका फायदा मिलेगा।
वली शिमाली का कहना है कि काफी लोगों ने हज यात्रा के लिए इसलिए आवेदन नहीं किया था कि जिस तरह से इस वर्ष हज यात्रा रद्द हो गई थी। शायद अगले वर्ष भी हज यात्रा रद्द ना हो जाए। वहां की सरकार हज यात्रियों के लिए हर वर्ष बहुत ही अच्छी इंतजाम और सुविधा प्रदान करती है। यह साफ है कि कोरोना महामारी के दौरान भी हज यात्रियों के लिए सुरक्षा के अच्छे इंतजाम किए होंगे। जो लोग हज यात्रा पर जाने के इच्छुक है। हज यात्रा के लिए बढ़ाई गई आवेदन की तिथि का फायदा उठाकर आवेदन कर सकते हैं।
चेयरमैन इकबाल का कहना है कि हज यात्रा पर जाने वाले कई लोग ऐसे भी हैं, जो पिछले कई साल से आवेदन कर रहे थे और ड्रा में उनका नाम नहीं निकलता था। इस बार आवेदन करने वालों की संख्या में कमी का फायदा उन लोगों को भी मिल सकता है। वह लोग उम्मीद रख रहे हैं कि इस बार हज यात्रा के लिए जितने लोग भी आवेदन करेंगे सभी सफल लोगों का आवेदन मंजूर हो जाएगा और उनको हज यात्रा पर जाने का मौका मिल जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें