ग्राम सभा के सदस्य कपिल देव ने खानपुर राजपुतान पंचायत के सरपंच महेंद्र सिंह पर फर्जी दस्तावेज के आधार पर सौ सौ गज के प्लाट आवंटित करने का आरोप लगाया है। उनका आरोप है कि योजना का लाभ उठाने वाले ऐसे लोगों को भी पात्र बनाया गया है, जिनके पास अपनी जमीन और घर है। आरोपी सरपंच ने खुद योजना के तहत प्लॉट लिया है। उसने इसकी शिकायत सीएम विंडो पर दी। जिसके बाद डीसी ने मामले की जांच करवाई। इसके बाद पुलिस ने आरोपी सरपंच के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्जकर जांच शुरू कर दी है।
मुरादपुर निवासी कपिल देव ने छप्पर पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह सरस्वती नगर ग्राम सभा का सदस्य है। गांव खानपुर राजपुतान निवासी महेंद्र सिंह ग्राम पंचायत खानपुर राजपुतान और मुरादपुर का सरपंच है। कुछ साल पहले गांव के कुछ लोगों ने सरकार की योजना के तहत सौ सौ गज के प्लाट लेने के लिए आवेदन किया था। आरोप है कि इस दौरान सरपंच महेंद्र सिंह ने फर्जी दस्तावेज तैयार करके गांव के कई ऐसे लोगों को भी सौ सौ गज के प्लाट दिलवा दिए, जिनके पास खुद की जमीन है। इसका पता उसे आरटीआई द्वारा मांगी गई सूचना के बाद चला। सूचना के तहत सरकार की योजना का लाभ उठाने में कई ऐसे लोगों के भी नाम थे, जिनके पास अपनी जमीन व घर है। यहीं नहीं, आरोपी सरपंच महेंद्र का नाम भी लाभार्थियों की सूची में था। आरोप है कि सरपंच ने मिलीभगत व फर्जी दस्तावेजों के आधार पर सरकार के योजना के तहत सौ सौ गज के प्लाट आवंटित किए। ऐसा कर उसने सरकार को भी धोखा दिया। आरोप है कि इस दौरान आरोपी की उसे जातिसूचक शब्द बोलने के केस में फंसाने की धमकी दी। यहीं नहीं आरोपी ने उसके द्वारा मांगी की सूचना पर उसके फर्जी हस्ताक्षर किये कि वह मांगी गई सूचना से संतुष्ट है। उसने इसकी शिकायत सीएम विंडो पर दी। लेकिन मामले में कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके बाद उसने कोर्ट में याचिका दायर की। कोर्ट के आदेश पर देर शाम छप्पर थाना पुलिस ने आरोपी सरपंच महेंद्र सिंह पर धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्जकर जांच शुरू कर दी है। जांच अधिकारी एसआई सुरजन सिंह का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।