हादसा यमुनानगर के फतेहपुर गांव के पास हुआ। ग्रामीण राकेश कुमार ने बताया कि क्षेत्र में एक नई नहर की खुदाई का काम चल रहा है। ठेकेदार ने नहर की खुदाई कर मिट्टी सड़क पर डाल दी। दो दिन पहले हुई बारिश में मिट्टी गीली होने के कारण कीचड़ हो गया है।
एक स्कूल बस निर्माणाधीन नहर में गिरने से बाल बाल बच गई। नहर की खुदाई करने के बाद ठेकेदार ने मिट्टी सड़क पर डाल दी। बारिश में मिट्टी गीली होने के कारण बस फिसल गई। जिस समय हादसा हुआ उस समय बस में करीब 55 स्कूली बच्चे सवार थे। ग्रामीणों ने ठेकेदार पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पहले भी इसकी शिकायत दी जा चुकी है।
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हादसा यमुनानगर के फतेहपुर गांव के पास हुआ। ग्रामीण राकेश कुमार ने बताया कि क्षेत्र में एक नई नहर की खुदाई का काम चल रहा है। ठेकेदार ने नहर की खुदाई कर मिट्टी सड़क पर डाल दी। दो दिन पहले हुई बारिश में मिट्टी गीली होने के कारण कीचड़ हो गया है। सोमवार को साबेपुर स्थित एक निजी स्कूल की बस जब बच्चों को लेकर वहां से गुजरी तो फिसलकर नहर की ओर चली गई। नहर किनारे खड़े एक बिजली के खंबे से टकराकर बस रुक गई। जिसके बाद ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर पहले बच्चों को बाहर निकाला और उसके बाद जेसीबी की मदद से बस को भी निकाला गया।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि खंबा न होता हो बच्चों से भरी बस नहर में गिर जाती। जिससे बड़ा हादसा हो सकता था। उनका कहना है कि पहले भी यहां पर हादसा हो चुका है। उस समय भी ठेकेदार की शिकायत दी गई थी। लेकिन, कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।