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Yamuna Nagar News: पंजेटो गांव में लिंटर गिरने से मजदूर की मौत, एक घायल

Thu, 16 Oct 2025 01:07 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
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संवाद न्यूज एजेंसी
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यमुनानगर। पंजेटो गांव में लेंटर डालने के बाद कमरे में शटरिंग जांचने घुसे दो लोगों के ऊपर मलबे व सरिये के जाल सहित लोहे की प्लेटें गिर गई। हादसे में वे दोनों मलबे के नीचे दब गए। डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद जब उन्हें बाहर निकाला तो उनमें से एक की मौत हो चुकी थी, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल था।
मृतक की पहचान फूल चंद निवासी सलेमपुर बांगर के रूप में हुई है, वहीं घायल अमजद खान भी मृतक के गांव का ही रहने वाला है जोकि ठेकेदारी का काम करता है। सूचना मिलते ही पुलिस सिविल अस्पताल पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। मृतक का बेटा बलविंद्र इस मामले में ठेकेदार को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। उनका कहना है कि लेंटर डलने के बाद कमरे के अंदर जाकर चैक करने का कोई औचित्य नहीं था ठेकेदार जबरन उसके पिता को अंदर लेकर गया और फिर यह हादसा हो गया।
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पंजेटो निवासी बलजीत सिंह ने बताया कि उनके घर पर एक कमरे का आज लेंटर डल रहा था। दोपहर करी डेढ़ बजे तकरीबन लेंटर पूरा हो चुका था। ऐसे में दिखाई दिया कि कमरे के अंदर शटरिंग से पानी टपक रहा है। ठेकेदार अमजद खान और मजदूर फूल चंद कमरे के अंदर जाकर जांच करने लगे। वह भी उनके साथ अंदर गया और दरवाजे के पास खड़ा हो गया। कमरे में शटरिंग की बीच वाली स्टॉप एक साइड से नीचे धंसी हुई थी। ऐसे में अचानक से पूरा लेंटर नीचे ढह गया। दरवाजे पर खड़ा होने के चलते वह एक दम से बाहर की तरफ कूद गया। वहीं ठेकेदार दीवार की तरफ खड़ा था, लेकिन फूल चंद सेंटर में खड़ा होने के चलते लोहे की प्लेटों, सिमेंट और जाल के नीचे धंस गया। एक दम से लोग वहां एकत्रित हुए और दोनों को बाहर निकालने का प्रयास करने लगे। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद जब फूल चंद को बाहर निकाला तो उसकी सांसें थम चुकी थीं। वहीं अमजद खान गंभीर रूप से घायल था, जिसे तुरंत अस्पताल लेजाकर एडमिट कराया गया है।
मृतक फूल चंद के बेटे बलविंद्र ने बताया कि वह भी मजदूरी किया करता है। दोपहर करीब डेढ़ बजे वह घर पर खाना खाने के लिए आया तो उसे कॉल आई कि उसके पिता को काम करते समय चोट लग गई है।
सूचना मिलते ही वह तुरंत मौके पर भागा। वहां जाकर देखा तो उसके पिता को चारपाई पर लेटाया हुआ था। उसने चैक किया तो वह मृत थे। आसपास के लोगों ने सारी घटना के बारे में बताया। उसे पता चला कि लेंटर गिरने के आधे घंटे के बाद नीचे दबे होने के बावजूद उसके पिता की करहाने की आवाज आ रही थी। उन्हें मलबे के नीचे से निकालने में करीब एक घंटे का समय लगा।
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इस दौरान उनकी मौत हो गई। मौके पर पहुंची छछरौली थाना पुलिस ने कहा कि वे मामले में कार्रवाई कर रहे हैं। फिलहाल उन्हें किसी की भी तरफ से कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है और घायल अस्पताल में उपचाराधीन है। मामले की जांच जारी है
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