रादौर। नगरपालिका द्वारा शहर का गंदा पानी पश्चिमी यमुना नहर में छोड़े जाने से लोग बेहद परेशान हैं। नहर सूखी हुई है। सूखी नहर में शहर का गंदा पानी जमा हुआ है। बार बार मांग करने के बावजूद पानी ट्रीटमेंट प्लांट में छोड़ने की बजाय पश्चिमी यमुना नहर में छोड़ा जा रहा है। शहर निवासी प्रदीप कांबोज, रामकुमार, प्रवेश कुमार, सोनू सरदार, मन मोहन सिंह, जसविंद्र सिंह ने बताया कि शहर के पास से गुजर रही पश्चिमी यमुना नहर महीनों से सूखी पड़ी है। सूखी नहर में नगरपालिका की ओर से गंदा पानी छोड़ा जा रहा है। गंदे पानी से वातावरण दूषित हो रहा है। गर्मी के मौसम में गंदे पानी के जमा होने से जहरीले कीट पैदा हो रहे हैं। पहले नहर में सिंचाई विभाग द्वारा समय समय पर पानी छोड़ा जाता था। जिस कारण शहर का गंदा पानी आगे बह जाता था। लेकिन लंबे समय से सिंचाई विभाग ने नहर में पानी नहीं छोड़ा है। जिस कारण शहर का गंदा पानी महीनों से एक जगह खड़ा है। गंदे पानी से शहर में बीमारियां फैल रही है। उनकी मांग है कि नगर पालिका गंदा पानी नहर में छोड़ने की बजाय करोड़ों रुपए की लागत से बनाए गए ट्रीटमेंट प्लांट में डालने का काम करे। जिससे शहर में गंदे पानी की समस्या नहीं रहेगी। इस बारे में नपा सचिव सुरेंद्र मलिक ने बताया कि शहर का गंदा पानी ट्रीटमेंट प्लांट में डालने के लिए सिंचाई विभाग से एनओसी लेने बारे आवेदन किया गया है। एनओसी मिलते ही नपा की ओर से पानी ट्रीटमेंट प्लांट में छोड़ा जाएगा।