सस्ता सोना खरीदने के लालच में लोसुपा के प्रदेश महामंत्री ने गवाएं 16.70 लाख रुपये
पुलिस ने करनाल निवासी दंपति पर किया धोखाधड़ी का केस दर्ज
तीन से चार हजार रुपये प्रति तोला सस्ता सोना दिलाने का दिया था लालच
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। सस्ता सोने खरीदने के लालच में लोकतंत्र सुरक्षा पार्टी के प्रदेश महामंत्री दरबारी लाल चौहान ने 16.70 लाख रुपये गवां दिए। आरोपी करनाल का रहने वाला है और पार्टी के एक कार्यक्रम में उससे मुलाकात की। आरोपी ने तीन से चार हजार रुपये प्रति तोला सस्ता सोना दिलाने की बात कहकर दरबारी लाल को अपने जाल में फंसाया। इसके बाद उससे पांच-पांच लाख रुपये लेकर लाखों रुपये हड़प लिए। बाद में जो चेक दरबारी लाल को दिए गए, वह बाउंस हो गए। चौहान ने इसकी शिकायत पुलिस को दी। पुलिस ने मामले में करनाल निवासी दंपति व अन्य पर धोखाधड़ी का केस दर्जकर लिया है।
लोकतंत्र सुरक्षा पार्टी के प्रदेश महामंत्री एवं अंबाला लोकसभा प्रभारी दरबारी लाल चौहान ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि जनवरी 2018 में उसकी मुलाकात पार्टी के कार्यक्रमों के दौरान करनाल निवासी विरेंद्र शर्मा से हुई। आरोपी विरेंद्र ने उसे बताया कि उसके पास सस्ता सोना आता है। एक तोला पर करीब तीन से चार हजार रुपये मुझे बच जाते हैं। आरोपी ने कहा कि पैसों की पूरी गारंटी है। जो भी पैसा लगाया जाएगा। उसका चेक सिक्योरिटी के रूप में दिया जाएगा। जिस पर वह उसकी बातों में आ गया। पांच जनवरी 2018 को दरबारी लाल चौहान ने अपने बैंक ऑफ इंडिया के खाते से पांच लाख रुपये निकालकर विरेंद्र शर्मा को दिए। विरेंद्र शर्मा अपनी पत्नी के साथ जगाधरी बस स्टैंड पर आया और पांच लाख रुपये लेकर चला गया। इसके बदले में उसे चेक दे दिए। सात दिन बाद आरोपी विरेंद्र ने फोन कर कहा कि पैसे कम हैं और पांच लाख रुपये और दे देने है। जिस पर उन्होंने 15 जनवरी 2018 को पाबनी कलां निवासी इंद्रपाल से ढाई लाख रुपये उधार लिए और शेष नगदी अपने खाते से निकालकर सारे पैसे आरोपी विरेंद्र को दे दिए। 19 जनवरी 2018 को फिर आरोपी का फोन आया और पैसे कम होने की बात कही। आरोपी ने उनसे कहा कि अधिक सोना उठाना पड़ेगा। जिस पर उन्होंने फिर एक लाख 70 हजार रुपये अपने दोस्त से उधार लेकर आरोपी विरेंद्र को दिए। इसके बाद भी आरोपी ने सोना नहीं दिया। जब उसने आरोपी से बात की, तो वह कहने लगा कि जहां से वह माल खरीदता है, वहां से एक किलो से कम सोना नहीं उठाया जा सकता। इसलिए पांच लाख रुपये और देने पड़ेंगे। जिस पर उन्होंने पांच लाख रुपये आरोपी को फिर दिए। कई महीने बीतने के बाद भी उन्हें सोना नहीं मिला। जिस पर उन्होंने आरोपी से पैसा वापस मांगा। इसकी एवज में आरोपी ने एचडीएफसी बैंक का चेक दिया। जब उन्होंने चेक बैंक में लगाए। तो उस पर किए गए साइन गलत निकले और अकाउंट बंद हुए मिले। जिससे बैंक ने चेक बाउंस कर दिए। मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
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इनसर्ट
ढाई लाख रुपये उधार लेकर लेनदार ने थमाया फर्जी हस्ताक्षर किया हुआ चह्यक
-आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में मामला दर्ज
यमुनानगर। लाजपत नगर कालोनी निवासी एक व्यक्ति ने अपने दोस्त से ढाई लाख रुपये उधार लेकर उसे फर्जी हस्ताक्षर किया हुआ चेक थमा दिया। पुलिस ने पीड़ित व्यक्ति की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी।
विष्णु नगर जगाधरी वर्कशॉप निवासी संजीव कुमार ने बताया कि लाजपत नगर कालोनी निवासी प्रदीप कुमार ने उससे ढाई लाख रुपये उधार लिए थे। मगर उसके बाद आरोपी उससे उधार लिए गए पैसे वापस करने में आनाकानी करने लगे। इस संबंध में पंचायत भी हुई। जिसमें आरोपी प्रदीप कुमार ने उसके पैसे देने को राजी हो गया। इस दौरान आरोपित ने उसे ढाई लाख रुपये की राशि का एक चेक दिया। जब उसने चैक को बैंक में क्लीयर होने के लिए लगाया तो वह बाउंस हो गया। जांच करने पर पता चला कि आरोपी ने चेक पर नकली हस्ताक्षर किए हुए है। परेशान होकर उसने घटना की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मामले की जांच के बाद आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी।
वर्जन
जांच अधिकारी एएसआई बलदेवराज का कहना है कि मामले में धोखाधड़ी का केस दर्जकर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।