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बहन की शादी छोड़ मैराथन में दौड़ा और जीत लिया इनाम

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बहन की शादी छोड़ मैराथन में दौड़ा और जीत लिया इनाम
यमुनानगर। मैराथन के लिए युवाओं में किस कद्र जोश और उत्साह था। यह देखते ही बनता था। थम्बड़ का 18 वर्षीय अंकित राणा तो अपने ताऊ सतीश कुमार की बेटी रजनी की शादी छोड़कर मैराथन में भाग लेने के लिए पहुंचा। वह 11 किमी पुरुष कैटेगिरी की मैराथन में दौड़ा। उसने यह दौड़ 37 मिनट 28 सेकेंड में पूरी कर पहला स्थान पाया। हालांकि इस किमी की दौड़ के लिए कोई इनाम नहीं रखा गया था, लेकिन एडीजीपी ओपी सिंह ने उसका हौसला बढ़ाने के लिए अपने पास से 25 सौ रुपये इनाम के तौर पर दिए। अंकित ने बताया कि हर रोज चार से पांच किमी दौड़ का अभ्यास करता है।
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पहले भी तीन मैराथन ले चुका हूं भाग
यूपी के शामली से आए शेखर कुमार ने बताया कि वह इससे पहले तीन मैराथनों में भाग लेकर जीत चुका है। इस मैराथन में उसने 11 किमी पुरुष कैटेगिरी में भाग लिया था। जिसे 37 मिनट 35 सेकेंड में पूरा कर दूसरा स्थान पाया है।
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हर रोज दौड़ता हूं 10 किमी.
कम्बास गांव के रोहित पाल के अनुसार वह रोजाना 10 किमी दौड़ता है। नौ से दस मैराथन में भाग ले चुका है। इस मैराथन में उसने भी 11 किमी पुरुष कैटेगिरी में भाग लिया था। उसने यह मैराथन 38 मिनट में पूरी की है। ऐसे में उसका तीसरा स्थान आया है।
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प्रेक्टिस थी तभी जीत पाई दौड़
मुजफ्रनगर की रूबी बताती हैं कि वह रोजाना पांच से सात किमी दौड़ की प्रेक्टिस करती है और तभी उसने 11 किमी महिला कैटेगिरी की दौड़ 46 मिनट में जीतकर पहला स्थान पाया है। उसने बताया कि वह तेज धावक बनना चाहती है। इसी सोच के साथ वह 10 से 12 मैराथन में भाग लेकर जीत भी चुकी है।
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जीत के लिए खूब लगाई दौड़
स्नेहा ने बताया कि मैराथन को लेकर उसमें जोश था। और उसे विश्वास था कि वह यह मैराथन जरूर जीत जाएगी। इसके लिए उसने सुबह शाम खूब दौड़ लगाई। वह हर रोज पांच किलोमीटर की दौड़ की प्रेक्टिस करती है। 11 किमी कैटेगिरी में उसे 48 मिनट में दौड़ जीतकर तीसरा स्थाना पाया है। इसी तरह शालू ने 47 मिनट में यही दौड़ जीत कर दूसरा स्थान पाया है।
फोटो-11 से 13 तक
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