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Yamuna Nagar News: गोल्ड लोन टेकओवर के नाम पर 13 लाख रुपये की ठगी

Thu, 25 Dec 2025 01:49 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
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यमुनानगर। जिले में गोल्ड लोन टेकओवर के नाम पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पूनावाला फिनकॉर्प लिमिटेड की जगाधरी शाखा के सहायक शाखा प्रबंधक की शिकायत पर पुलिस ने प्रतापनगर निवासी मांगा वालिया के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। मामले में आरोपी ने अन्य गोल्ड लोन कंपनियों से लोन बंद कराकर पूनावाला में ट्रांसफर कराने के बहाने करीब 13 लाख रुपये हड़प लिए लेकिन पूरा सोना गिरवी नहीं रखा। बाद में उसने ब्रांच कर्मचारी को धमकी भी दीं।
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सहायक शाखा प्रबंधक अमन ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि मांगा वालिया ने फोन के माध्यम से संपर्क कर उससे कहा था कि उसका गोल्ड लोन पहले मन्नापुरम फाइनेंस लिमिटेड और कैपरी गोल्ड लोन में चल रहा है। उसने दावा किया कि वह सभी लोन बंद कराकर पूनावाला फिनकॉर्प में ट्रांसफर करवाना चाहता है, ताकि उसका पूरा सोना एक ही जगह गिरवी रहे। आरोप है कि इस प्रक्रिया के तहत थर्ड पार्टी कंपनी सरथी मनी के जरिए मात्र एक दिन के लिए उसके एचडीएफसी बैंक खाते में राशि ट्रांसफर कराई गई। इसके आधार पर 29 अक्टूबर को सुबह करीब 11:30 बजे मांगा वालिया पूनावाला की व्यासपुर ब्रांच पहुंचा, जहां उसने सभी औपचारिकताएं पूरी कीं। इसके बाद कंपनी की ओर से उसके खाते में करीब 13 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए गए। शिकायतकर्ता के मुताबिक आरोपी ने इस राशि में से करीब 5 लाख 67 हजार रुपये मन्नापुरम गोल्ड लोन कंपनी में जमा कर 74.2 ग्राम वजन का सोना छुड़वाया और उसे पूनावाला की जगाधरी ब्रांच में सौंप दिया। उसने कहा कि जब बाकी सारा सोना भी आ जाएगा, तब पूरा लोन बनाया जाए। इसके बाद वह कैपरी गोल्ड लोन, यमुनानगर पहुंचा, जहां उसने लगभग 5 लाख 80 हजार रुपये जमा भी कर दिए, लेकिन वहां के स्टाफ ने बताया कि उसके तीन टॉप-अप अकाउंट भी हैं, जिनमें अलग से राशि जमा करनी होगी। इस कारण वह बिना सोना लिए वापस लौट आया। बताया गया कि कुछ रकम उसके खाते में बकाया रह गई थी, जो ट्रांसफर नहीं हो सकी, क्योंकि बैंक ने अचानक इतनी बड़ी राशि के लेनदेन पर संदेह जताते हुए उसका एचडीएफसी अकाउंट फ्रीज कर दिया। कंपनी की ओर से कई बार उसे बैंक जाकर अकाउंट अनफ्रीज कराने और शेष राशि कैपरी में जमा कराने के लिए कहा गया, लेकिन उसने ऐसा नहीं किया।
आरोप है कि इसके बाद मांगा वालिया कंपनी और ब्रांच स्टाफ को गुमराह करने लगा और धमकियां देने लगा। उसने कहा कि जो सोना कंपनी के पास रखा है, वह भी उसे वापस दे दिया जाए और पैसे भूल जाएं। साथ ही उसने पुलिस और राजनीति में ऊंची पहुंच होने तथा अपराधी प्रवृत्ति के लोगों से संबंध होने का दावा करते हुए स्टाफ को गायब करवाने तक की धमकी दी। उधर, थाना शहर जगाधरी पुलिस का कहना है शिकायत मिलने पर आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
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