फोटो 15- सोनीपत की गुड़ मंडी स्थित जैन स्थानक में चातुर्मास पर धर्म सभा के दौरान प्रवचन करते डॉ
सोनीपत। मानव मिलन के संस्थापक एवं नेपाल केसरी राष्ट्र संत डॉ. मणिभद्र मुनि महाराज ने कहा कि ईर्ष्या मनुष्य को नकारात्मकता व असंतोष की ओर ले जाती है। जहां ईर्ष्या होती है, वहां कभी सुख का वास नहीं हो सकता। डॉ. मणिभद्र महाराज गुड़ मंडी स्थित श्रीएसएस जैन सभा जैन स्थानक में चातुर्मास पर आयोजित धर्म सभा में प्रवचन कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मानकों व अपेक्षाओं के कारण भी ईर्ष्या का जन्म होता है। सुख की प्राप्ति के लिए विचार बदलकर संतोषजनक व खुशहाल जीवन की ओर बढ़ सकते हैं। धर्म सभा में पूर्व कैबिनेट मंत्री कविता जैन, भाजपा नेता राजीव जैन, संस्था के प्रधान सुरेश जैन, अनुराग जैन, वकील जैन, त्रिलोकचंद जैन, आनंद जैन व सुरेंद्र जैन आदि मौजूद रहे।