गोहाना। गांव गिवाना में घरेलू कलह से तंग आकर युवक ने जहरीला पदार्थ निगलकर जान दे दी। युवक की डायरी में मिले सुसाइड नोट में पत्नी, सास और साले को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार बताया है। मृतक की मां की शिकायत पर सदर पुलिस ने पत्नी सहित ससुराल पक्ष के तीन के आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गांव गिवाना निवासी राजबाला ने बताया कि उनके दो बेटे थे। बड़े बेटे अमित की करीब दो वर्ष पहले हार्ट अटैक से मौत हो गई थी। अमित के देहांत के बाद उनकी पत्नी रीना पांच साल के बेटे आर्यन को उनके पास ही छोड़कर अपने मायके चली गई थी। बड़े भाई की मौत के बाद छोटा बेटा मोहित ही अपने भतीजे आर्यन की परवरिश कर रहा था। मोहित ही भतीजे आर्यन को स्कूल छोड़कर आता था और स्कूल से घर लेकर आता था। बुजुर्ग का आरोप है कि आर्यन के उनके साथ रहने से छोटे बेटे की पत्नी रजनी खुश नहीं थी और वह मोहित के साथ अक्सर झगड़ा करती थी। रजनी की मां और भाई भी उसका साथ देते थे। 20 अगस्त को मोहित अपने भतीजे आर्यन को स्कूल छोड़ने गया था। मोहित के घर आने के बाद रजनी ने झगड़ा करना शुरू कर दिया और झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। इससे तंग आकर मोहित ने जहरीला पदार्थ निगल लिया। परिजनों ने मोहित को उपचार के लिए रोहतक के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया। जहां उपचार के दौरान मोहित की मौत हो गई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया।
सुसाइड नोट में पत्नी, साले व सास को ठहराया जिम्मेदार
राजबाला ने आरोप लगाया कि बेटे पर भतीजे से दूर रहने का दबाव बनाने के कारण ही उसने जहर खाकर जान दी है। बुजुर्ग ने तीनों को छोटे बेटे की मौत का जिम्मेदार ठहराया है। पुलिस को मोहित की डायरी में सुसाइड नोट लिखा मिला है। इसमें पत्नी, सास व साले का नाम लिखा है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर पत्नी समेत ससुराल पक्ष के तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस ने मृतक की मां के बयान पर पत्नी सहित ससुराल पक्ष के तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
- इंस्पेक्टर महिपाल सिंह, प्रभारी, थाना सदर, गोहाना