गन्नौर। दुष्कर्म मामले में समझौता करने के नाम पर रुपये ऐंठने के आरोप में गिरफ्तार गिरोह के खिलाफ जांच के लिए एसआईटी गठित कर दी गई है।
एसीपी गन्नौर गोरखपाल के नेतृत्व में क्राइम यूनिट गन्नौर व थाना बड़ी की टीम गिरोह की तरफ से दर्ज करवाए गए सभी दुष्कर्म के मामलों की जांच करेगी। इस संबंध में एसीपी गोरखपाल ने बुधवार को क्राइम यूनिट गन्नौर की टीम व थाना बड़ी की टीम के साथ बैठक करते हुए जांच को तेज करने के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दुष्कर्म के मामलों की जल्द रिपोर्ट तैयार कर उन्हें सौंपे। जांच में पाए जाने वाले झूठे मुकदमों को निरस्त भी किया जाएगा। मामले में जल्द ही खुलासे किए जाएंगे।
तीन लाख रुपये लेते हुए रंगे हाथों हुए थे गिरफ्तार
एसीपी गोरखपाल ने बताया कि एक महिला ने दिनेश के खिलाफ दुष्कर्म का मामला थाना बड़ी औद्योगिक क्षेत्र में दर्ज करवाया था। इसके बाद दिनेश के साथी लल्हेड़ी गांव निवासी विजय ने थाना बड़ी में शिकायत दी कि उसके दोस्त दिनेश के खिलाफ दुष्कर्म का झूठा मुकदमा दर्ज करवाया गया है। दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली महिला और उसके सहयोगियों ने समझौता करने के नाम पर 7 लाख रुपये मांग रहे हैं। जिसके बाद क्राइम यूनिट टीम ने दो महिलाओं के साथ सोनीपत के ईश्वर को विजय से 3 लाख रुपये लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया था। पूछताछ में सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी एक गिरोह की तरह काम करता है। इससे पहले भी वह इस तरह के कई मुकदमे दर्ज करवा चुके हैं। अब एसआईटी यह पता लगा रही है कि यह गिरोह इस तरह की ठगी कितने व्यक्तियों के साथ कर चुके हैं।