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Sonipat News: टूट रही रिश्तों की डोर, अपने बहा रहे खून

Tue, 09 May 2023 12:58 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
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सोनीपत। वर्तमान दौर में पवित्र रिश्ते भी छोटी-छोटी बातों पर टूट रहे हैं। समय के साथ सामाजिक ताना बाना छिन्न-भिन्न होने का असर पारिवारिक रिश्तों पर पड़ रहा है। संपत्ति के बंटवारे, मामूली सी कहासुनी तक जिस विवाद को मिलकर बैठकर आसानी से सुलझाया जा सकता था उनमें आज लोग अपनों का खून बहाने से भी नहीं हिचक रहे। संपत्ति विवाद में रिश्तों को शर्मसार किया जा रहा है। चाचा-ताऊ के बेटे जहां एक-दूसरे के सुख-दुख में साथ रहते थे, अब वह अपनों का खून बहा रहे हैं।
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ऐसे ही दो मामले सोनीपत के गांव ककरोई व खेवड़ा में सामने आए हैं। ककरोई में जहां चचेरे भाई सन्नी का पीछा कर उसे बेरहमी से धारदार हथियारों से काट दिया गया, वहीं खेवड़ा में सूरज की गोलियां बरसाकर युवक की हत्या की गई। महानगरीय संस्कृति का असर हो या नैतिक मूल्यों में आ रही गिरावट, सच यही है कि लोग अपने स्वार्थ के लिए किसी भी हद तक जा रहे हैं। जिन मामलों को आसानी से सुलझाया जा सकता है, उनमें एक दूसरे की जान जा रही है। मामूली विवाद में लोग एक ही छत के नीचे रहते हुए एक दूसरे की शक्ल देखना तक पसंद नहीं कर रहे। मनोवैज्ञानिक की माने तो रहन सहन में आया बदलाव तथा एकल परिवारों का चलन लोगों को नैतिक मूल्यों से दूर कर रहा है। भागदौड़ भरी जिंदगी ने रिश्तों के महत्व को कम कर दिया है। सीमित संसाधनों में लोग असीमित इच्छाएं पालने लगे हैं। पति-पत्नी जैसे नाजुक रिश्ते में शक कहर बनकर टूटने लगा है।
सोनीपत में पहले भी अपने बहा चुके अपनों का खून
2 मई असदपुर में किराए पर रह रहे परिवार ने 13 साल की बेटी की हत्या कर दी।
8 अप्रैल को गोपालपुर में अपने बेटे व पत्नी की हत्या कर दी।
11 अप्रैल, 2022 को गन्नौर में बेटे ने मां को उतारा मौत के घाट
25 मार्च, 2022 को सेक्टर-4 के पास पत्नी की हत्या
19 नवंबर, 2021 को तारानगर में पत्नी की हत्या
-6 नवंबर, 2021 को मदीना में पत्नी की हत्या
-18 सितंबर, 2021 को सिटी थाना क्षेत्र में पत्नी की हत्या
-19 अगस्त, 2021 को कुंडली थाना क्षेत्र में पत्नी की हत्या
-मार्च 2021 को कुंडली थाना क्षेत्र में पत्नी की हत्या
-फरवरी, 2021 को छोटूराम चौक के पास पत्नी की हत्या
-जनवरी, 2021 में बारोटा चौकी क्षेत्र में पत्नी की हत्या
-23 सितंबर, 2020 को रभड़ा में भाई की हत्या
-21 सितंबर, 2020 को बनवासा में बेटे की हत्या
-फरवरी, 2018 में पत्नी, दो बेटों की हत्या के बाद व्यक्ति ने की आत्महत्या
वर्जन
महानगरीय संस्कृति में संयुक्त परिवार की बजाय एकल परिवार का चलन बढ़ा है। लोगों को एक दूसरे के साथ मिल बैठकर सुख दुख में शामिल होना चाहिए। बिगड़ चुके रिश्ते को समय रहते सुधार लेना चाहिए। गुस्से में लोग आपा खो बैठते हैं और बड़ी वारदात को अंजाम दे देते हैं। अगर कोई मनमुटाव होता है तो मिलकर उसे सुलटाया जाए। हत्या करना किसी भी तरीके से सही नहीं है।
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जैसमीन, प्रोफेसर मनोविज्ञान
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