सोनीपत के मॉडल टाउन स्थित बीईओ कार्यालय में छात्र अभिभावक मंच की अध्यक्ष प्रवेश कुमारी के नेतृत
सोनीपत। शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत निजी विद्यालयों में 25 फीसदी सीटें आरक्षित हैं। इसके बाद भी अभिभावकों को आरटीई के तहत बच्चों का दाखिला कराने के लिए धक्के खाने पड़ रहे हैं। अभिभावकों ने वीरवार को दूसरे दिन मॉडल टाउन स्थित खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय के सामने छात्र अभिभावक संघ की अध्यक्ष प्रवेश कुमारी के नेतृत्व में प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि निजी स्कूल दाखिला देने से इंकार कर रहे हैं। ऐसे में अभिभावकों ने दाखिला देने में आनाकानी करने वाले स्कूलों के खिलाफ शिक्षा अधिकारियों को शिकायत दी।
छात्र अभिभावक संघ की अध्यक्ष प्रवेश कुमारी ने बताया कि जिले के कई निजी स्कूल आरटीई के तहत दाखिला देने से इंकार कर रहे हैं। जब भी अभिभावक स्कूल जाते हैं तो स्कूल प्रबंधन आवेदन लेने से ही इंकार कर देते हैं। हालात यह हैं कि आरटीई के तहत आवेदन जमा करने की बात कहते ही गेट से ही वापस कर देते हैं। स्कूल में प्रवेश तक नहीं करने देते। ऐसे में अभिभावक दोपहर को मॉडल टाउन स्थित खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय पहुंचे और निजी स्कूलों के खिलाफ लिखित शिकायत दी। जिस पर पर शिक्षा अधिकारियों ने अभिभावकों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
ऑफलाइन आवेदन भर कार्यालय की मुहर लगाकर दिए आवेदन
प्रवेश कुमारी ने बताया कि वीरवार को बीईओ कार्यालय पहुंचे अभिभावकों के आवेदन भरे गए और उन पर बीईओ कार्यालय से मुहर लगवाई गई, ताकि निजी स्कूल आवेदन लेने में आनाकानी ना करें। उन्होंने बताया कि इसके बावजूद भी यदि निजी स्कूल आवेदन लेने में आनाकानी करते हैं तो सोमवार से आंदोलन तेज किया जाएगा। किसी भी बच्चे को शिक्षा के अधिकार से वंचित नहीं रहने दिया जाएगा।
वर्जन
आरटीई के तहत अभिभावक परिवार पहचान पत्र (पीपीपी) में दर्शाए गए घर के एक किलोमीटर दायरे में स्थित निजी स्कूल में अपने बच्चे को दाखिला दिलवाने के लिए आवेदन कर सकते हैं। अभिभावकों को दाखिला के लिए आवेदन स्कूल में जमा कराना होगा। कई अभिभावकों ने निजी स्कूलों के खिलाफ आवेदन न लेने की शिकायत दी है। इसकी जांच की जाएगी। नियमों की अवहेलना करने वाले स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जितेंद्र छिक्कारा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, सोनीपत