खरखौदा अनाज मंडी में धान की खरीद कराते आढ़ती। संवाद
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रोहतक रोड स्थित अनाज मंडी में धान की आवक बढ़ने के साथ किसानों को सीधा झटका लगा है। प्रति क्विंटल 100 रुपये का नुकसान किसानों को हो रहा है, लेकिन मजबूरी में उनको बेचना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि पहले जहां बारिश से उनको नुकसान उठाना पड़ा था, वहीं अब भाव कम मिलने से नुकसान हो रहा है।
खरखौदा अनाज मंडी में धान की आवक एकदम बढ़ गई है। ऐसे में न केवल किसानों को अपना धान बेचने में परेशानी हो रही है, बल्कि भाव भी कम मिल रहा है। इससे उनको आर्थिक नुकसान हो रहा है। अनाज मंडी में ज्यादातर 1121, 1718, सरबती व 1509 किस्म का धान आता है। चार दिन पहले 1121 किस्म का धान 4200 रुपये, 1509 किस्म का धान 3500 रुपये और 1718 किस्म व सरबती धान 3850 रुपये बिक रहा था। बुधवार को अनाज मंडी में धान की आवक व खरीद बंद रही। वीरवार व शुक्रवार को धान की आवक व खरीद दोबारा शुरू हुई तो किसानों को मंडी में धान का भाव पहले से 100 रुपये प्रति क्विंटल कम मिल रहा है। जिससे किसानों को परेशानी ज्यादा बढ़ गई है। किसानों का कहना है कि उनकी मजबूरी है कि धान को मंडी में लेकर आने के बाद उसे बेचना ही पड़ता है। संसाधनों की कमी के कारण किसान फसल का भंडारण करने की स्थिति में नहीं होते। ऐसे में उनकी मजबूरी का फायदा व्यापारी उठा रहे हैं और हर किस्म के धान पर अब किसान को 100 रुपये प्रति क्विंटल कम दाम दिए जा रहे हैं।