सोनीपत। सेक्टर-10 स्थित रेल हाई राइजर्स सोसाइटी की इमारत के स्ट्रक्चर ऑडिट के आदेश जारी हो चुके हैं। इंडियन रेलवे वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन (आईआरडब्ल्यूओ) की ओर से बसाई गई सोसाइटी स्ट्रक्चर ऑडिट कराने की तैयारी कर रही है। इसके लिए आईआईटी का चयन किया जा रहा है। स्ट्रक्चर ऑडिट रिपोर्ट आने के बाद ही सोसाइटी की इमारतों की मरम्मत कराई जा सकेगी।
रेल हाई राइजर्स सोसाइटी में 13 मंजिल के टावरों में काफी जगह दरार आ चुकी है। प्लास्टर गिर रहा है और जंग लगे सरिये दिख रहे हैं। पानी की लाइन लीक है और नींव कमजोर हो रही है। बारिश के सीजन में सोसाइटी की बेसमेंट में कई फीट तक पानी भर जाता है। समस्या के समाधान की मांग को लेकर रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) के पदाधिकारी आईआरडब्ल्यूओ को कई बार पत्र लिख चुके हैं। समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा।
आरडब्ल्यूए की ओर से सरकार व प्रशासन को आईआरडब्ल्यूओ की शिकायत की जा चुकी है। नगर एवं ग्राम आयोजन विभाग ने इमारत के स्ट्रक्चर ऑडिट कराने के आदेश दिए थे। आरडब्ल्यूए के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि उन्हें वन टाइम मेंटेनेंस चार्ज 12 कराेड़ में से 9 करोड़ रुपये का हिसाब नहीं दिया जा रहा है। अगर आईआरडब्ल्यूओ से उस पैसे का हिसाब मिल जाए तो इमारत की मरम्मत बेहतर हो सकेगी। इसके लिए आरडब्ल्यूए के पदाधिकारियों ने उच्च स्तरीय जांच की मांग की है, साथ ही हरियाणा पुलिस विभाग व दिल्ली पुलिस के आयुक्त को भी पत्र लिख रखा है।
-वन टाइम मेंटेनेंस चार्ज 12 कराेड़ में से 9 करोड़ रुपये का हिसाब नहीं दिया जा रहा है। आईआरडब्ल्यूओ के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर पुलिस को पत्र लिखा हुआ है। आईआरडब्ल्यूओ ने सोसाइटी में काफी कमियां छोड़ रखी हैं। सोसाइटी के लिए फायर एनओसी व अधिभोग प्रमाणपत्र (ओसी) भी नहीं लिया हुआ है।
- चंचल गुप्ता, कोषाध्यक्ष, आरडब्ल्यूए, रेल हाइराइजर्स सोसाइटी
सोसाइटी के रेजिडेंट से लिए गए वन टाइम मेंटेनेंस चार्ज का ब्याज ही मरम्मत के लिए खर्च किया जाता है। पुरानी आरडब्लयूए ने वन टाइम मेंटेनेंस चार्ज की राशि व उसका ब्याज पहले ही खर्च कर लिया है। आईआरडब्ल्यूओ ने पूरी सोसाइटी को आरडब्ल्यूए को वर्ष 2019 में सौंप दिया था। उसकी देखरेख की जिम्मेदारी आरडब्ल्यूए की बनती है।
- अमित कुमार, साइट इंजीनियर, इंडियन रेलवे वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन
नगर एवं ग्राम आयोजना विभाग ने आईआरडब्ल्यूओ को रेल हाइराइजर्स सोसाइटी का इमारत का स्ट्रक्चर ऑडिट करने के लिए आदेश जारी किए हैं। स्ट्रक्चर ऑडिट न कराने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
-नरेश कुमार, जिला नगर योजनाकार, सोनीपत