-फोटो 53 : अहोई माता की कथा के वाचन-श्रवण की तैयारी करती सास-बहू।
बहादुरगढ़। अहोई अष्टमी का पर्व वीरवार को क्षेत्र में हर्षाेल्लास के साथ मनाया गया। माताओं ने व्रत रख जहां अपनी संतान की लंबी आयु की कामना की, वहीं नवविवाहिताओं ने भी संतान प्राप्ति के लिए अहोई माता का उपवास रखा।
अहोई अष्टमी पर दोपहर के समय महिलाओं की टोलियां कथा सुनतीं नजर आईं। वयोवृद्ध कमला देवी ने अहोई माता के व्रत का महत्व बताते हुए कहा कि कार्तिक मास की अष्टमी को अहोई माता का व्रत करके सभी महिलाएं अपनी संतान की रक्षा व लंबी उम्र की कामना करती हैं। वहीं, नवविवाहिताएं भी संतान प्राप्ति की कामना के लिए इस व्रत को करती हैं। लालचंद कॉलोनी निवासी 80 वर्षीय कमला देवी ने परिवार व पड़ोस की महिलाओं को कथा सुनाने के बाद कहा कि प्रत्येक व्रत व पर्व में सामाजिक भलाई, आपसी प्रेम, विश्वास सौहार्द बढ़ाने का महत्व छिपा है। इसलिए हमें अपने त्योहारों व व्रतों को पूरी श्रद्धा व खुशी से पूरे परिवार के साथ मनाना चाहिए। शहर के कई मंदिरों में सामूहिक रूप से महिलाओं ने अहोई अष्टमी की कथा सुनी।
-फोटो 53 : अहोई माता की कथा के वाचन-श्रवण की तैयारी करती सास-बहू।