सोनीपत। स्वास्थ्य विभाग टीबी के मरीजों की देखभाल के लिए वर्ल्ड हेल्थ पार्टनर संस्था के सहयोग से उनकी स्क्रीनिंग करेगा। इस दौरान टीम हाई रिस्क क्षेत्र में घर-घर जाकर पोर्टेबल एक्स-रे मशीन के माध्यम से टीबी मरीज, उसके परिजनों की स्क्रीनिंग करेगी। जिससे पता लगाया जा सकता है कि व्यक्ति टीबी से पीड़ित है या नहीं। जांच के तुरंत बाद ही रिपोर्ट मिनटों के अंदर निकाल कर दे दी जाएगी। जिससे उन मरीजों को समय पर उपचार किया जा सके।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से वर्ष 2025 तक टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य तक पहुंचने के लिए अनेक कदम उठाए जा रहे हे। टीबी मरीज के संपर्क में आए लोगों की पहचान की जा सकेगी। मरीजों की पहचान करने का अभियान इस माह से शुरू कर दिया जाएगा। टीम फील्ड में उतर कर मरीजों जांच करेगें। जिले में हर महीने 300 टीबी के मरीज पाए जाते हैं। वर्ष 2023 में टेस्टिंग बढ़ाई तो 4241 नए मरीज मिले थे। इससे पहले वर्ष 2022 में टीबी के 3750 मरीज मिले। वर्तमान में अब टीबी के 2997 मरीज हैं।
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वर्ल्ड हेल्थ पार्टनर संस्था की टीम के साथ घर-घर जाकर टीबी संक्रमितों की पहचान की जाएगी। यदि संदिग्ध मरीज पाया जाता है तो उसका तुरंत इलाज शुरू कर दिया जाएगा।
डॉ. तरुण यादव, उप सिविल सर्जन, सोनीपत